नई दिल्ली / शौर्यपथ / बनारस से फ्लाइट से आये एक शख्स को दिल्ली एयरपोर्ट पर फ्लाइट लैंड करते वक्त वाशरूम जाने से मना किया गया तो वह इसकी शिकायत करने उड्डयन महानिदेशक ऑफिस पहुंच गया. वहां उसका डीजीसीए कर्मचारियों से झगड़ा हो गया. इसके बाद आरोप है कि उस शख्स ने डीजीसीए के कर्मचारी को अगवा कर लिया. इस मामले में दिल्ली पुलिस ने 2 आरोपियों को गिरफ्तार किया है.
दक्षिणी दिल्ली के डीसीपी अतुल ठाकुर के मुताबिक, 7 जनवरी को गो एयर की फ्लाइट से 24 साल का वैभव चतुर्वेदी बनारस से दिल्ली आ रहा था. जब फ्लाइट लैंड होने वाली थी तभी वैभव वाशरूम जाने लगा. जब उसे मना किया गया तो उसने झगड़ा कर लिया. इसके बाद अगले दिन यानि 8 जनवरी को वो एक टैक्सी ड्राइवर कंवर सिंह के साथ डीजीसीए के दफ्तर में शिकायत करने पहुंचा. वैभव का आरोप है कि वहां उसे डीजीसीए के कर्मचारी नशे की हालत में मिले, इसके बाद उसका उन कर्मचारियों से भी झगड़ा हो गया.
फिर वैभव ने खुद को पुलिस अफसर बताते हुए डीजीसीए दफ्तर के कर्मचरियों से कहा कि उनका मेडिकल टेस्ट होगा. इसके बाद वो जूनियर सेक्रेटरिएट अटेंडेंड के पद पर तैनात सुरेंद्र को अपने साथ सफदरजंग अस्पताल ले आया. आरोप है कि वहां वैभव ने सुरेंद्र और उसके साथी राजकिशोर के मोबाइल फ़ोन और आई कार्ड छीन लिए. उसके बाद सुरेंद्र को कोटला मुबारकपुर की रेड लाइट के पास छोड़ दिया.
पुलिस ने मामले में लूट, ट्रेस पासिंग और मारपीट का केस दर्ज कर आरोपी वैभव को रोहिणी में उसके घर से गिरफ्तार कर लिया है. पुलिस ने कैब ड्राइवर को भी गिरफ्तार कर लिया. पुलिस के मुताबिक वैभव बनारस का रहने वाला है. उसने बीबीए करने के बाद एलएलबी की है. कुछ समय तक वो कॉन्ट्रैक्टर के तौर पर सड़क निर्माण के काम में भी शामिल रहा है.