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छत्तीसगढ़ में राज्य स्थापना दिवस एक नवंबर से शुरू होगी आयरन और विटामिन युक्त फ ोर्टिफ ाईड राईस वितरण की योजना

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भोजन में पोष्टिक तत्वों की पूर्ति के साथ कुपोषण मुक्ति में होगी मददगार
कोण्डागांव जिले में पायलट प्रोजेक्ट के रूप में शुरू होगी योजना
मुख्यमंत्री बघेल ने बजट भाषण में की थी फोर्टिफाईड राईस वितरण योजना शुरू करने की घोषणा
राज्य सरकार ने 5.80 करोड़ रूपए का किया बजट प्रावधान

रायपुर / शौर्यपथ / मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ सरकार भोजन में आवश्यक पोष्टिक तत्वों की पूर्ति और कुपोषण के नियंत्रण के लिए आगामी एक नवंबर राज्य स्थापना दिवस से फोर्टिफाईड राईस वितरण की अभिनव योजना शुरू करने जा रही है। आयरन और विटामिन से युक्त फोर्टिफाईड राईस वितरण की यह योजना राज्य के कोण्डागांव जिले में पायलट प्रोजेक्ट के रूप में शुरू होगी। मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल ने वर्ष 2020-21 के अपने बजट भाषण में इस योजना को प्रारंभ करने की घोषणा की थी। इसके लिए राज्य सरकार द्वारा 5 करोड़ 80 लाख रूपए का बजट प्रावधान भी किया गया है।
गौरतलब है कि फोर्टिफाईड राईस में लौह तत्व, विटामिन बी-12 तथा फोलिक एसिड युक्त फोर्टिफाईड राईस करनेल (एफआरके) का मिश्रण होता है। जो लोगों को खुराक में आवश्यक पोष्टिक तत्वों की पूर्ति के साथ ही कुपोषण के नियंत्रण में काफी मददगार साबित होगा। इस राईस का वितरण कोण्डागांव जिले में सार्वजनिक वितरण प्रणाली (पीडीएस) और अन्य कल्याणकारी योजनाओं के तहत किया जाएगा। इस राईस का भारतीय खाद्य सुरक्षा मानक प्राधिकरण (एफएसएसआई) द्वारा निर्धारित मापदण्ड अनुसार वितरण किया जाएगा।
कोण्डागांव जिले मेें पीडीएस एवं अन्य कल्याणकारी योजनाओं के तहत समस्त चावल को फोर्टिफाईड कर वितरित किया जाएगा। फोर्टिफाईड राईस तैयार करने लिए दो राईस मिल को राईस ब्लेडिंग कार्य सौंपा गया है। कोण्डागंाव जिले में राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम के तहत एक लाख 11 हजार 217 राशनकार्ड तथा राज्य योजना के तहत 23 हजार 204 राशनकार्ड इस तरह कुल एक लाख 34 हजार 421 राशनकार्ड प्रचलित है। इस जिले में चांवल का कुल वार्षिक आबंटन 60 हजार 188 टन है जिसमें पीडीएस चांवल का 55 हजार 068 टन है और कल्याणकारी योजना, मध्यान्ह भोजन, पूरक पोषण आहार आदि योजनाओं का वार्षिक आबंटन 5 हजार 120 टन है।

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शौर्यपथ

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