आंगनबाड़ी केंद्र में बच्चों की सेहत की जांच, पौष्टिक आहार और मुनगा के महत्व की दी जानकारी
राजनांदगांव / शौर्यपथ / सेवा संकल्प अभियान के तहत महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा राजनांदगांव विकासखंड के ग्राम गठुला स्थित आंगनबाड़ी केंद्र क्रमांक-6 में ‘आंगन मिलन सेवा’ कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य बच्चों के प्रारंभिक बाल्यावस्था देखभाल एवं शिक्षा, पोषण और स्वास्थ्य के प्रति अभिभावकों एवं ग्रामीणों में जागरूकता बढ़ाना रहा।
कार्यक्रम में आंगनबाड़ी केंद्र में संचालित प्रारंभिक बाल्यावस्था देखभाल एवं शिक्षा की विभिन्न गतिविधियों की जानकारी दी गई। बच्चों के शारीरिक, मानसिक, सामाजिक एवं बौद्धिक विकास के महत्व पर चर्चा करते हुए अभिभावकों को बच्चों की नियमित देखभाल और स्वस्थ वातावरण उपलब्ध कराने के लिए प्रेरित किया गया।
बच्चों के स्वास्थ्य और पोषण की जांच
कार्यक्रम के दौरान बच्चों के वजन और ऊंचाई का माप लिया गया तथा उनके स्वास्थ्य एवं पोषण की स्थिति की जानकारी प्राप्त की गई। उपस्थित लोगों को संतुलित एवं पौष्टिक आहार के महत्व के बारे में बताया गया। साथ ही बाहरी खाद्य पदार्थों के अत्यधिक सेवन से होने वाले दुष्परिणामों के प्रति जागरूक करते हुए बच्चों को घर पर तैयार पौष्टिक एवं स्थानीय खाद्य पदार्थ देने की सलाह दी गई।
विभिन्न गतिविधियों और संवाद के माध्यम से बच्चों तथा परिवारों को पोषण एवं स्वास्थ्य से जुड़े जरूरी संदेश दिए गए।
‘हर घर मुनगा’ का भी दिया संदेश
कार्यक्रम के दौरान ‘हर घर मुनगा, घर-घर मुनगा’ अभियान के तहत मुनगा पौधे का रोपण किया गया। ग्रामीण परिवारों को मुनगा के पोषण संबंधी महत्व की जानकारी देते हुए घरेलू स्तर पर इसके उपयोग के लिए प्रोत्साहित किया गया।
कार्यक्रम में ग्राम पंचायत के सरपंच, महिला एवं बाल विकास विभाग के अधिकारी-कर्मचारी तथा बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे। आयोजन के माध्यम से बच्चों के स्वस्थ विकास के साथ परिवारों में पोषण संबंधी जागरूकता बढ़ाने का संदेश दिया गया।