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झुग्गी और गैर झुग्गी में किराया में रह रहे लोगों के लिए छ.ग. सरकार ने नयी योजना शुरू की Featured

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पक्की छत के पूरा होही आस,अब सब्बो के होही अपन पक्का आवास:
आवेदन लेने की प्रक्रिया कुछ दिनो में प्रारंभ की जायेगी:


दुर्ग / शौर्यपथ / नगर पालिक निगम राज्य शासन के आदेश पर प्रधान मंत्री आवास योजना अंतर्गत झुग्गी/ गैर झुग्गी में किराये के आवास में निवासरत हितग्राहियो को नगर निगम क्षेत्र सीमा अंतर्गत निर्माणधीन आवास सरस्वती नगर,पोटिया रोड गोकुल नगर पुलगांव एवं बोरसी स्थित मकानों का आबंटन किया जाना है। इस हेतु छत्तीसगढ़ शासन द्वारा आदेस जारी किया जा चुका है, जिसमे हितग्राहियो को 30 वर्ष लीज पर भवन आबंटन किया जाएगा। पात्र हितग्राहियो को 30.8.2015 पूर्ण जिस क्षेत्र में निवासित होना चाहिए इसके लिए मतदाता परिचय पत्र / किराया नामा/ निवास प्रमाण एवं 2011 का जनगण सूची नाम अंकित और जिनकी परिवार की आय 3 लाख से कम हो,वर्ष  में कही भी परिवार के नाम पर पक्का ना हो,वह हितग्राही इस योजना हेतु पात्र है।हितग्राहियो के छत्तीसगढ़ का मूल निवासी देना अनिवार्य है।शहर में किराया के मकान में रहने वालों को प्रधान मंत्री आवास योजनान्तर्गत सरस्वती नगर,पोटिया,गोकुल नगर, बोरसी में मोर मकान मोर पहचान (एएचपी) के मकानों को छत्तीसगढ़ शासन की मोर मकान मोर आवास योजनांतर्गत लीज पर दिया जाना है। जिसके लिए ऑफिस डाटा सेंटर में निर्धारित प्रपत्र में आवेदन आमंत्रित किया जाता। आवेदन आमंत्रित किया जाता है। देश के किसी भी भाग में पक्का मकान न हो। छत्तीसगढ़ का मूल निवासी हो। आवास की कीमत 3 लाख 25 हज़ार से 3 लाख 75 हज़ार के बीच अनुमानित होगी। तीस वर्ष की लीज अवधि होगी। आवेदन शुल्क 100 रु जमा करना होगा। पात्र हितग्राहियों का नियमानुसार चयन होने के बाद आंबटन किया जाएगा।
-प्रधानमंत्री आवास योजना अंर्तगत झुग्गी / गैरझुग्गी में किराये के आवासगृह में निवासरत पात्र हितग्राहियों को आवास आवंटन किया जाना है। राज्य शासन द्वारा किराये पर निवास करने वाले आवासहीन परिवारों को इस योजनान्तर्गत शामिल किया गया है जिसमें मोर मकान-मोर चिन्हारी (ए. एच.पी.) घटक की प्रचलित परियोजनाओं में पूर्व से चयनित बस्ती / हितग्राहियों को व्यवस्थापन हेतु उनसे सहमति एवं समानुपातिक, जिला कलेक्टर की अध्यक्षता में समिति का गठन किया जायेगा, यह समिति मोर मकान-मोर चिन्हारी (ए.एच.पी.) घटक अंर्तगत झुग्गी / गैर झुग्गी में निवासरत पात्र हितग्राहियों के व्यवस्थापन उपरांत शेष आवासों को किरायेदारों को आबंटित करेगी। इस आबंटन में परियोजना पूर्ण होने के पश्चात् समस्त हितग्राहियों को आधिपत्य प्रमाण पत्र, पत्नी एवं पति के संयुक्त नाम पर एवं स्वामित्व विलेख (30 वर्ष के लीज होल्ड आधार पर) प्रदाय किया जायेगा। पंजीयन शुल्क का वहन हितग्राही द्वारा स्वयं किया जावेगा !निकाय क्षेत्र में 31.08.2015 के पूर्व निवासरत हो। (मतदाता परिचयपत्र / किरायानामा / निवास प्रमाणपत्र / अन्य शासकीय दस्तावेज / वर्ष 2011 की जनगणना सूची में नाम) में पूरे परिवार ( पति, पत्नी एवं अवयस्क बच्चे) की आय राशि रू0 3.00 लाख से कम हो (नियोक्ता द्वारा प्रदत्त वेतन प्रमाणपत्र / राशनकार्ड / सक्षम राजस्व अधिकारी द्वारा जारी आय प्रमाणपत्र), देश में किसी भी स्थान पर पक्का आवास न हो। हितग्राही का 100 रू0 का शपथपत्र जो कि नोटरी से सत्यापित हो तथा पी.एम.ए.वाय. के एम.आई.एस. पोर्टल में एवं सी.एल. एस. एस. पोर्टल से भी पुष्टि की जावेगी)
 प्रदेश का मूल निवासी होना अनिवार्य है। (मूल निवासी प्रमाणपत्र / जन्म प्रमाणपत्र / जाति प्रमाणपत्र / वंशावली / तहसीलदार अथवा राजस्व विभाग के सक्षम अधिकारी द्वारा जारी प्रमाणपत्र।

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