प्रदेश को देश की ऊर्जा राजधानी बनाने की दिशा में तेजी से प्रयास
रायपुर / शौर्यपथ / ऊर्जा विभाग के सचिव डॉ. रोहित यादव ने आज नया रायपुर स्थित छत्तीसगढ़ संवाद ऑडिटोरियम में पत्रकारों से संवाद करते हुए ऊर्जा विभाग की उपलब्धियों और आगामी कार्ययोजना की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ ऊर्जा उत्पादन, पारेषण और वितरण के क्षेत्र में तेजी से आगे बढ़ रहा है और राज्य को देश की ऊर्जा राजधानी बनाने की दिशा में ठोस कदम उठाए जा रहे हैं।
डॉ. यादव ने बताया कि वर्तमान में छत्तीसगढ़ की कुल स्थापित विद्युत क्षमता 30,671.7 मेगावाट है, जिसमें ताप विद्युत, जल विद्युत और सौर व अन्य नवीकरणीय स्रोत शामिल हैं। राज्य में ताप विद्युत के साथ-साथ नवीकरणीय ऊर्जा पर विशेष जोर दिया जा रहा है, ताकि कार्बन उत्सर्जन कम किया जा सके और नेट जीरो कार्बन लक्ष्य की ओर बढ़ा जा सके।
उन्होंने कहा कि वर्ष 2030 तक देश की 50 प्रतिशत ऊर्जा जरूरत नवीकरणीय स्रोतों से पूरी करने के लक्ष्य के अनुरूप छत्तीसगढ़ में पंप स्टोरेज और जल विद्युत परियोजनाओं को बढ़ावा दिया जा रहा है। राज्य की पंप स्टोरेज नीति 2023 के तहत 8,300 मेगावाट क्षमता की परियोजनाओं पर कार्य प्रगति पर है, वहीं निजी क्षेत्र में भी 5,000 मेगावाट क्षमता की परियोजनाएं विकसित की जा रही हैं।
ऊर्जा सचिव ने बताया कि प्रदेश में 32,100 मेगावाट क्षमता की नई परियोजनाओं के लिए विभिन्न संस्थाओं के साथ एमओयू किए गए हैं, जिनसे लगभग 3.4 लाख करोड़ रुपये के निवेश की संभावना है। इसके अंतर्गत ताप, न्यूक्लियर, फ्लोटिंग सोलर और पंप स्टोरेज परियोजनाएं शामिल हैं।
पारेषण और वितरण क्षेत्र में हुई प्रगति का उल्लेख करते हुए उन्होंने बताया कि उपकेन्द्रों की संख्या बढ़ी है, ट्रांसफार्मर क्षमता में विस्तार हुआ है और डिजिटल संचार नेटवर्क को मजबूत किया गया है। वहीं वितरण क्षेत्र में उपभोक्ताओं की संख्या 65 लाख के पार पहुंच चुकी है।
डॉ. यादव ने जनहितकारी योजनाओं जैसे प्रधानमंत्री सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना, पीएम कुसुम, किसान विद्युत सहायता योजना और बीपीएल परिवारों को मुफ्त बिजली योजना की भी जानकारी दी। उन्होंने बताया कि नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में भी तेजी से विद्युतीकरण किया गया है।
इस अवसर पर सीएसपीडीसीएल, सीएसपीजीसीएल और सीएसपीटीसीएल के प्रबंध निदेशक सहित वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे। पत्रकारों के सवालों का उत्तर देते हुए ऊर्जा सचिव ने विभाग की आगामी तीन वर्षों की कार्ययोजना भी साझा की।