कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने की सीबीआई जांच की मांग, बस्तर की बारिश और अमेरिकी टैरिफ पर भी जताई चिंता
रायपुर/शौर्यपथ /
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने पत्रकारों से चर्चा करते हुए कहा कि भाजपा सरकार के कार्यकाल में छत्तीसगढ़ लोक सेवा आयोग (पीएससी) की विश्वसनीयता गंभीर रूप से प्रभावित हुई है। उन्होंने कहा कि जिन परीक्षाओं को यूपीएससी की तर्ज पर निष्पक्ष और पारदर्शी बनाने का वादा किया गया था, वे आज गोपनीयता भंग और अनियमितताओं के कारण मजाक बन गई हैं।
बैज ने आरोप लगाया कि पीएससी परीक्षा की उत्तरपुस्तिकाओं की जांच ऐसे लोगों से कराई जा रही है, जो पात्र नहीं हैं। एक वेबसाइट की रिपोर्ट का हवाला देते हुए उन्होंने कहा कि बिलासपुर पीजीबीटी कॉलेज में डेपुटेशन पर कार्यरत शिक्षक एवं एलबी शिक्षक, यहां तक कि प्राचार्य तक, कॉपियां जांच रहे हैं। इस मामले में विद्याभूषण शर्मा, सलीम जावेद सहित अन्य नाम सामने आए हैं, किंतु आयोग की ओर से न तो खंडन किया गया और न ही कोई स्पष्टीकरण दिया गया है।
कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि –
“पीएससी परीक्षा में प्रश्नपत्र तैयार करने से लेकर उत्तरपुस्तिका जांच तक की प्रक्रिया गोपनीय रहती है। जब परीक्षकों के नाम सार्वजनिक हो रहे हैं तो निष्पक्षता और पारदर्शिता पर गंभीर सवाल उठना स्वाभाविक है। भाजपा सरकार युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ कर रही है। इस पूरे प्रकरण की सीबीआई जांच आवश्यक है।”
बस्तर की बारिश पर चिंता
बैज ने बताया कि बस्तर में भारी बारिश से जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। अनेक गांवों का संपर्क टूट गया है, सैकड़ों घर क्षतिग्रस्त हुए हैं और लोगों का अनाज, पशु-पक्षी बह गए हैं। उन्होंने सरकार से प्रभावित परिवारों को तत्काल मुआवजा, राशन और चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने की मांग की।
अमेरिकी टैरिफ से छत्तीसगढ़ पर असर
अमेरिका द्वारा भारतीय उत्पादों पर 50 प्रतिशत आयात शुल्क लागू किए जाने को लेकर बैज ने कहा कि इसका छत्तीसगढ़ के निर्यात क्षेत्र पर गहरा असर पड़ेगा। प्रदेश से अमेरिका को गैर-बासमती चावल, तेंदूपत्ता, जड़ी-बूटियां, जैविक फल, शहद, हस्तशिल्प, धातु एवं लकड़ी की मूर्तियां, एल्युमिनियम उत्पाद आदि निर्यात होते हैं। नए टैरिफ के कारण ये उत्पाद अमेरिका में महंगे होंगे, जिससे खरीदी घटेगी और उत्पादकों को आर्थिक नुकसान तथा बेरोजगारी में वृद्धि होगी।
शांति नगर में ऑक्सीजोन की मांग
राजधानी रायपुर के शांति नगर इरिगेशन कॉलोनी को तोड़कर वहां होटल, मॉल और क्लब बनाने की संभावित योजना पर भी बैज ने आपत्ति जताई। उन्होंने कहा कि रायपुर में पहले से ही ग्रीनरी और खेल मैदानों की कमी है। सरकार को चाहिए कि उस क्षेत्र को ऑक्सीजोन या खेल मैदान के रूप में विकसित करे। यदि व्यावसायिक निर्माण करना ही है, तो इसके लिए पर्याप्त जगह वाले नवा रायपुर का चयन किया जाए।
यह प्रेस विज्ञप्ति सुशील आनंद शुक्ला, अध्यक्ष – कांग्रेस संचार विभाग, छत्तीसगढ़ प्रदेश कांग्रेस कमेटी द्वारा जारी की गई।