August 05, 2026
Hindi Hindi

Login to your account

Username *
Password *
Remember Me
    Uncategorised

    Uncategorised (35169)

    अन्य ख़बर

    अन्य ख़बर (5876)

    धर्म संसार / शौर्यपथ / प्रभु यीशु के जन्म की ख़ुशी में मनाया जाने वाला क्रिसमस का त्योहार पूरी दुनिया में मनाया जाता है। यह त्योहार कई मायनों में बेहद खास है। क्रिसमस को बड़ा दिन, सेंट स्टीफेंस डे या फीस्ट ऑफ़ सेंट स्टीफेंस भी कहा जाता है। प्रभु यीशु ने दुनिया को प्यार और इंसानियत की शिक्षा दी। उन्होंने लोगों को प्रेम और भाईचारे के साथ रहने का संदेश दिया। प्रभु यीशु को ईश्वर का इकलौता प्यारा पुत्र माना जाता है। इस त्योहार से कई रोचक तथ्य जुड़े हैं। आइए जानते हैं इनके बारे में।
    क्रिसमस ऐसा त्योहार है जिसे हर धर्म के लोग उत्साह से मनाते हैं। यह एकमात्र ऐसा त्योहार है जिस दिन लगभग पूरे विश्व में अवकाश रहता है। 25 दिसंबर को मनाया जाने वाला यह त्योहार आर्मीनियाई अपोस्टोलिक चर्च में 6 जनवरी को मनाया जाता है। कई देशों में क्रिसमस का अगला दिन 26 दिसंबर बॉक्सिंग डे के रूप मे मनाया जाता है। क्रिसमस पर सांता क्लॉज़ को लेकर मान्यता है कि चौथी शताब्दी में संत निकोलस जो तुर्की के मीरा नामक शहर के बिशप थे, वही सांता थे। वह गरीबों की हमेशा मदद करते थे उनको उपहार देते थे। क्रिसमस के तीन पारंपरिक रंग हैं हरा, लाल और सुनहरा। हरा रंग जीवन का प्रतीक है, जबकि लाल रंग ईसा मसीह के रक्त और सुनहरा रंग रोशनी का प्रतीक है। क्रिसमस की रात को जादुई रात कहा जाता है। माना जाता है कि इस रात सच्चे दिल वाले लोग जानवरों की बोली को समझ सकते हैं। क्रिसमस पर घर के आंगन में क्रिसमस ट्री लगाया जाता है। क्रिसमस ट्री को दक्षिण पूर्व दिशा में लगाना शुभ माना जाता है। फेंगशुई के मुताबिक ऐसा करने से घर में सुख समृद्धि आती है। पोलैंड में मकड़ी के जालों से क्रिसमस ट्री को सजाने की परंपरा है। मान्यता है कि मकड़ी ने सबसे पहले जीसस के लिए कंबल बुना था।

     शौर्यपथ धर्म / मकर संक्रांति 2026 का पर्व आज, 14 जनवरी 2026 को पूरे देश में श्रद्धा, आस्था और उल्लास के साथ मनाया जा रहा…

    नई दिल्ली। उत्तर भारत इन दिनों कड़ाके की ठंड और घने कोहरे की चपेट में है। भारतीय मौसम विभाग (IMD) के अनुसार, दिल्ली समेत कई मैदानी इलाकों में बारिश की संभावना जताई गई है, जिससे ठिठुरन और बढ़ सकती है।

    ताजा स्थिति

    मौसम विभाग ने दिल्ली में शीतलहर और अत्यंत कम दृश्यता के चलते रेड अलर्ट जारी किया है। कई इलाकों में दृश्यता शून्य के करीब पहुंच गई है। लोगों को केवल आवश्यक होने पर ही बाहर निकलने की सलाह दी गई है।

    पंजाब, हरियाणा, राजस्थान और उत्तर प्रदेश के बड़े हिस्से घने कोहरे की चादर में ढके हुए हैं। कोहरे के कारण रेल, सड़क और हवाई यातायात बुरी तरह प्रभावित हुआ है। कई ट्रेनें देरी से चल रही हैं, जबकि अनेक उड़ानें रद्द या विलंबित की गई हैं।

    बारिश और बर्फबारी का अनुमान

    पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने से उत्तर भारत के मैदानी क्षेत्रों में हल्की से मध्यम बारिश की संभावना है। वहीं हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड जैसे पहाड़ी राज्यों में भारी बर्फबारी का अनुमान जताया गया है।

    तापमान में गिरावट

    शीतलहर के चलते कई शहरों में न्यूनतम तापमान गिरकर 3 से 4 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया है, जिससे जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है।

    सावधानी की अपील

    मौसम विभाग ने लोगों से वाहन चलाते समय फॉग लाइट के इस्तेमाल, धीमी गति बनाए रखने और ठंड से बचाव के लिए गर्म कपड़े पहनने की अपील की है। यात्रियों को उड़ान और ट्रेन की स्थिति जानने के लिए मौसम विभाग व संबंधित विभागों की आधिकारिक सूचनाएं देखने की सलाह दी गई है।

    भोपाल। जनवरी 2026 में भोपाल की एक जिला अदालत ने अभिनेता सैफ अली खान, उनकी मां शर्मिला टैगोर और उनकी बहनों के पक्ष में अहम…
    ग्रीनलैंड पर ट्रंप की जिद से अमेरिका–डेनमार्क संबंधों में तनाव अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ग्रीनलैंड के प्रधान मंत्री जेन्स-फ्रेडरिक नील्सन के उस बयान पर तीखी प्रतिक्रिया दी…

    रायपुर / शौर्यपथ।
    प्रधानमंत्री आवास योजना के क्रियान्वयन में गंभीर अनियमितता सामने आने पर कोण्डागांव जिले की जनपद पंचायत बड़ेराजपुर अंतर्गत ग्राम पंचायत चिचाड़ी के पंचायत सचिव श्री हीरामन मरकाम को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। साथ ही उनके विरुद्ध विभागीय जांच की कार्रवाई भी प्रारंभ कर दी गई है।

    यह कार्रवाई कलेक्टर जनदर्शन में प्राप्त शिकायत के आधार पर गठित जांच दल की रिपोर्ट के बाद की गई। जांच प्रतिवेदन में प्रधानमंत्री आवास योजना की राशि के दुरुपयोग का मामला सामने आया, जिसके चलते पंचायत सचिव पर छत्तीसगढ़ पंचायत सेवा (आचरण) नियम, 1998 एवं (अनुशासन एवं अपील) नियम, 1999 के तहत कार्रवाई की गई।

    जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री अविनाश भोई ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि प्रधानमंत्री आवास योजना जैसे जनकल्याणकारी कार्यक्रम के क्रियान्वयन में किसी भी प्रकार की अनियमितता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। दोषियों के खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।

    प्रशासन के इस कदम से यह स्पष्ट संदेश गया है कि सरकार गरीबों के आवास से जुड़ी योजनाओं में पारदर्शिता और जवाबदेही को सर्वोच्च प्राथमिकता दे रही है तथा किसी भी स्तर पर लापरवाही या भ्रष्टाचार को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

    रायपुर । बदलते मीडिया परिदृश्य में प्रभावी, विश्वसनीय और समयबद्ध संचार आज जनसंपर्क की सबसे बड़ी चुनौती बन चुका है। इसी चुनौती को अवसर में बदलने के उद्देश्य से जनसंपर्क…

    डबल इंजन सरकार में बस्तर के सर्वांगीण विकास का रोडमैप तय, तीन साल का एक्शन प्लान मिशन मोड में लागू होगा

    रायपुर ।
    छत्तीसगढ़ के विकास में दशकों से सबसे बड़ी बाधा रहे नक्सलवाद का अंत अब निर्णायक चरण में पहुंच चुका है। प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन, केंद्रीय गृहमंत्री श्री अमित शाह के सशक्त नेतृत्व और सुरक्षाबलों के अदम्य साहस से नक्सल प्रभावित इलाकों में शांति बहाल हो रही है। अब सरकार की प्राथमिक जिम्मेदारी है कि बस्तर अंचल में सतत संवाद, विकास कार्यों और बुनियादी सुविधाओं के विस्तार के जरिए जनता का विश्वास और अधिक मजबूत किया जाए। यह बात मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने मंत्रालय महानदी भवन में आयोजित बस्तर के समग्र विकास पर केंद्रित उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक में कही।

    डबल इंजन सरकार का लक्ष्य: सर्वांगीण और संतुलित विकास

    मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि डबल इंजन सरकार बस्तर को विकास की मुख्यधारा से जोड़ने के लिए पूर्ण प्रतिबद्ध है। राज्य और केंद्र सरकार मिलकर बस्तर के सर्वांगीण, संतुलित और टिकाऊ विकास के लिए कार्य कर रही हैं। उन्होंने बताया कि आगामी तीन वर्षों के लिए एक व्यापक एक्शन प्लान तैयार कर उसे मिशन मोड में लागू किया जाएगा।

    मुख्यमंत्री ने सभी विभागों को आपसी समन्वय से कार्य करने और सचिवों को नियमित रूप से बस्तर क्षेत्र का दौरा कर योजनाओं की जमीनी प्रगति की समीक्षा करने के निर्देश दिए।

    नक्सल उन्मूलन के साथ विकास का तेज विस्तार जरूरी

    मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि नक्सलवाद की समाप्ति के साथ-साथ कनेक्टिविटी, शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार, सड़क, पेयजल, बिजली और संचार जैसी मूलभूत सुविधाओं का तेज गति से विस्तार अत्यंत आवश्यक है, ताकि दूरस्थ से दूरस्थ क्षेत्रों तक विकास की रोशनी पहुंचे और शासन-प्रशासन पर लोगों का भरोसा सुदृढ़ हो।

    उन्होंने बस्तर ओलंपिक और बस्तर पंडुम जैसे आयोजनों में जनभागीदारी का उल्लेख करते हुए कहा कि बस्तर के लोग शांति और विकास के रास्ते पर आगे बढ़ने के लिए पूरी तरह तैयार हैं।

    पेयजल, बिजली और कनेक्टिविटी पर सख्त निर्देश

    बैठक में पेयजल, विद्युतीकरण और मोबाइल कनेक्टिविटी की गहन समीक्षा की गई। मुख्यमंत्री ने—

    • फ्लोराइड प्रभावित क्षेत्रों में सतही जल स्रोतों से स्थायी पेयजल समाधान

    • शेष गांवों के शीघ्र विद्युतीकरण

    • दूरस्थ इलाकों में मोबाइल टावरों की स्थापना में तेजी

    • आधार कार्ड निर्माण के लिए विशेष अभियान चलाकर शत-प्रतिशत कवरेज

    सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

    पर्यटन, आजीविका और रोजगार पर विशेष फोकस

    पर्यटन विकास को लेकर मुख्यमंत्री श्री साय ने—

    • होम-स्टे को प्रोत्साहन

    • स्वदेश दर्शन योजना अंतर्गत चिन्हित स्थलों का विकास

    • बस्तर टूरिज्म कॉरिडोर का निर्माण

    • युवाओं को पर्यटन आधारित आजीविका से जोड़ने

    पर जोर दिया। उन्होंने आईआईटीटीएम ग्वालियर से प्रशिक्षित बस्तर के 32 स्थानीय गाइडों को प्रशिक्षण दिए जाने की पहल की सराहना की।

    शिक्षा, स्वास्थ्य और वनोपज पर व्यापक समीक्षा

    बैठक में—

    • वनधन केंद्रों के माध्यम से लघु वनोपज संग्रहण व प्रसंस्करण

    • भवन विहीन विद्यालयों के लिए शीघ्र राशि स्वीकृति

    • नवोदय और पीएमश्री स्कूलों का विस्तार

    • स्वास्थ्य अधोसंरचना सुदृढ़ीकरण, मेडिकल कॉलेज

    • पीएम-अभीम योजना, बाइक एम्बुलेंस सेवा

    • सिंचाई परियोजनाएं, आंगनबाड़ी–बालवाड़ी संचालन

    • ग्रामीण बस योजना, रोजगार और आजीविका से जुड़ी योजनाओं

    की विस्तार से समीक्षा की गई।

    विशेष केंद्रीय सहायता के लिए ठोस पहल

    मुख्यमंत्री श्री साय ने सभी विभागों को विशेष केंद्रीय सहायता से जुड़े प्रस्ताव शीघ्र मुख्य सचिव कार्यालय को भेजने के निर्देश दिए, ताकि बस्तर के समग्र विकास को नई गति मिल सके।

    बैठक में ये रहे उपस्थित

    बैठक में मुख्य सचिव श्री विकास शील, मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव श्री सुबोध कुमार सिंह, अपर मुख्य सचिव श्री मनोज कुमार पिंगुआ, अपर मुख्य सचिव श्रीमती ऋचा शर्मा, मुख्यमंत्री के सचिव श्री मुकेश बंसल, श्री पी. दयानंद, डॉ. बसवराजु एस., समस्त विभागीय सचिव एवं वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।

    सार - बस्तर अब हिंसा से विकास की ओर निर्णायक कदम बढ़ा चुका है और सरकार का स्पष्ट संदेश है—शांति, विश्वास और विकास के साथ बस्तर का नया भविष्य गढ़ा जाएगा।

      रायपुर/शौर्यपथ / किसानों को ऑनलाइन टोकन की व्यवस्था को फिर से बहाल करने की मांग करते हुए प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने कहा है कि समर्थन मूल्य पर धान उपार्जन प्रक्रिया में जानबूझ कर बाधित किया जा रहा है, इस खरीफ सीजन के धान खरीदी को पूरा होने में अब एक पखवाड़ा से भी कम समय शेष बचा है, यही वो समय है जब बड़े किसानों का धान मंडी में आता है, ऐसे समय में ऑनलाइन टोकन बंद करना किसानों के साथ अन्याय है। यह सरकार धान की खरीदी को दुर्भावना पूर्वक नियंत्रित करने के लिए बहुत ही अव्यावहारिक शर्ते रोज रोज लागू कर रही है, पहले धान खरीदी के लिए जिम्मेदार अधिकारियों को जारी निर्देश में साफ तौर पर कहा गया है कि उपार्जन केंद्र में प्रतिदिन काटे गए टोकन और वास्तविक खरीदी में ज्यादा से ज्यादा अंतर लाना है, मतलब जितना टोकन काटा गया है, उतना धान मत खरीदो। धान खरीदी में किसानों को धान बेचने से रोकने की कई तरह से कोशिश की गई है जिसका नतीजा है कि इस बार धान हर सोसाइटियों में अब तक कम खरीदा गया है।
    प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने कहा है कि यह सरकार छत्तीसगढ़ के किसानों को चोर और तस्कर बता रही है, उनके घरों और खलिहानों में छापे मारे जा रहे हैं, किसानों के मेहनत से उपजाए धान को जप्त कर रही है हकीकत यह है कि प्रदेश में अभी भी करीब 5 लाख ऐसे किसान हैं, जिन्होंने एक बार भी धान नहीं बेचा है। अब अंतिम के 13 दिनों में धान की आवक तेज होगी, इसी को रोकने दुर्भावना पूर्वक किसान विरोधी षड्यंत्र रचे जा रहे हैं। एक तरफ प्रतिदिन टोकन की मात्रा में यह सरकार कटौती कर रही है, एन आई सी के माध्यम से सोसाइटियों के प्रतिदिन खरीदी की मात्रा को घटाया जा रहा है, दूसरी तरफ सत्यापन के लिए अलग फार्मूला अपनाया जा रहा है ताकि किसानों को अपना पूरा धान बेचने से रोका जा सके। भौतिक सत्यापन के लिए अलग से ऐप बनाया गया है जिसकी ट्रेनिंग पटवारियों को दी जा चुकी है। बिना सत्यापन के किसी भी किसान का धान नहीं खरीदना है। पिछले साल की खरीदी के हिसाब से भौतिक सत्यापन करने का आदेश देकर दबाव बनाया जा रहा है, जिसका विरोध पटवारियों ने किया है।
    प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने रकबा समर्पण के नाम पर धान कम खरीदने का आरोप लगाते हुए कहा है कि छत्तीसगढ़ के किसान जान चुके हैं कि ये डबल इंजन वाली भाजपा सरकार किसानों का पूरा धान नहीं खरीदना चाहती। रायगढ़ जिला पटवारी संघ का ज्ञापन धान खरीदी को लेकर इस सरकार की मंशा को बेहद स्पष्ट करते हैं। पटवारियों ने बड़े ही स्पष्ट रूप से यह कहा है कि राज्य सरकार के उच्चाधिकारियों द्वारा सभी किसानों पर रकबा समर्पण हेतु अनावश्यक दबाव बनाया जा रहा है, ये आरोप बेहद ही संगीन है और भाजपा सरकार के किसान विरोधी चेहरे को बेनकाब करने वाला है । कांग्रेस पार्टी यह मांग करती है कि इस प्रकार के किसी भी आदेश को तुरंत ही रोका जाए, ऑनलाइन टोकन व्यवस्था पुनः शुरू करें तथा ऐसे किसान विरोधी मानसिकता वाले अधिकारियों पर कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।

    10 से 850% बढ़ोतरी से गरीब-किसान-व्यापारी त्रस्त, सरकार को भारी राजस्व नुकसान

    रायपुर, 13 जनवरी 2026।
    जमीन गाइडलाइन दरों में बेतहाशा वृद्धि और दावा–आपत्ति के बाद भी उसमें कोई सुधार नहीं करने को लेकर कांग्रेस ने भाजपा सरकार पर तीखा हमला बोला है। प्रदेश कांग्रेस के वरिष्ठ प्रवक्ता धनंजय सिंह ठाकुर ने इसे सीधा-सीधा तानाशाही रवैया करार देते हुए कहा कि सरकार जनता की आवाज सुनने को तैयार नहीं है।

    धनंजय सिंह ठाकुर ने कहा कि भाजपा सरकार ने बिना सर्वे, बिना संवाद और बिना ज़मीनी हकीकत जाने प्रदेशभर में जमीन गाइडलाइन दरों में 10 प्रतिशत से लेकर 850 प्रतिशत तक की बढ़ोतरी कर दी। इस फैसले के खिलाफ कांग्रेस के साथ-साथ आम जनता, व्यापारी और किसान लगातार विरोध जता रहे हैं।

    दावा–आपत्ति सिर्फ दिखावा, जनता को गुमराह किया

    कांग्रेस प्रवक्ता ने कहा कि प्रदेशभर में हो रहे विरोध प्रदर्शनों से घबराकर सरकार ने गाइडलाइन दर वृद्धि पर 31 दिसंबर तक दावा–आपत्ति आमंत्रित करने और उसके बाद दरों में सुधार का आश्वासन दिया था। लेकिन दावा–आपत्ति की अवधि समाप्त होने के बाद भी सरकार ने मनमानी बढ़ोतरी पर कोई फैसला नहीं लिया, जो यह साबित करता है कि दावा–आपत्ति की प्रक्रिया सिर्फ जनता को गुमराह करने का जरिया थी।

    उन्होंने कहा कि अब जनता सरकार की मंशा समझ चुकी है और एक बार फिर सड़कों पर उतरने को मजबूर है।

    हर वर्ग पर मार, रियल एस्टेट ठप

    धनंजय सिंह ठाकुर ने कहा कि गाइडलाइन दरों में इस तानाशाही बढ़ोतरी का सीधा असर आम आदमी पर पड़ रहा है—

    • गरीब परिवार घर बनाने के लिए जमीन नहीं खरीद पा रहे

    • किसान कृषि भूमि लेने में असमर्थ हैं

    • व्यापारी व्यावसायिक संस्थान खोलने से पीछे हट रहे हैं

    • जरूरतमंद लोग जमीन बेच भी नहीं पा रहे

    उन्होंने कहा कि रजिस्ट्री लगभग ठप होने से सरकार को भी भारी राजस्व नुकसान उठाना पड़ रहा है।

    कांग्रेस सरकार के फैसलों की दिलाई याद

    प्रदेश कांग्रेस के वरिष्ठ प्रवक्ता ने कहा कि कांग्रेस सरकार के समय—

    • 5 डिसमिल से कम जमीन की रजिस्ट्री शुरू की गई

    • गाइडलाइन दरों में 30 प्रतिशत तक की छूट दी गई

    इन्हीं फैसलों से प्रदेश के रियल एस्टेट सेक्टर में जान आई और कोरोना जैसे संकट के समय भी छत्तीसगढ़ की अर्थव्यवस्था मजबूत बनी रही।

    भाजपा के फैसले से बेरोजगारी और आर्थिक संकट

    धनंजय सिंह ठाकुर ने चेतावनी दी कि मौजूदा सरकार के निर्णय से—

    • बेरोजगारी बढ़ेगी

    • रियल एस्टेट सेक्टर में भारी गिरावट आएगी

    • प्रदेश की अर्थव्यवस्था कमजोर होगी

    उन्होंने सरकार से मांग की कि जमीन गाइडलाइन दर बढ़ोतरी के खिलाफ आई सभी दावा–आपत्तियों का तत्काल निराकरण किया जाए और बढ़ाई गई दरों को तुरंत वापस लिया जाए, अन्यथा कांग्रेस और जनता का आंदोलन और तेज होगा।

    रायपुर । शौर्यपथ
    उप मुख्यमंत्री एवं लोक निर्माण मंत्री अरुण साव ने आज रायपुर से बालोद प्रवास के दौरान पुरूर से झलमला–बालोद–मोहला–मानपुर राष्ट्रीय राजमार्ग-930 पर स्थित देवरानी-जेठानी नाले पर निर्माणाधीन 105 मीटर लंबे उच्च स्तरीय पुल के कार्य का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने निर्माण कार्य की प्रगति और उपयोग में लाई जा रही सामग्री की गुणवत्ता की गहन समीक्षा की।
    उप मुख्यमंत्री साव ने मौके पर उपस्थित अधिकारियों और निर्माण एजेंसी को स्पष्ट निर्देश दिए कि गुणवत्ता में किसी भी प्रकार का समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा कि निर्माण कार्य में लापरवाही पाए जाने पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
    श्री साव ने अधिकारियों को निर्धारित समय-सीमा के भीतर पुल निर्माण कार्य पूर्ण कराने के निर्देश दिए, ताकि क्षेत्रवासियों को शीघ्र ही सुगम और सुरक्षित आवागमन की सुविधा मिल सके। साथ ही उन्होंने निर्माण स्थल के आसपास संकेतक बोर्ड और आवश्यक सुरक्षा इंतजाम सुनिश्चित करने को कहा, जिससे आम नागरिकों को किसी प्रकार की असुविधा न हो।
    निरीक्षण के बाद उप मुख्यमंत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व वाली सुशासन सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है कि नागरिकों को समय पर, टिकाऊ और उच्च गुणवत्ता वाली आधारभूत सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं। उन्होंने भरोसा दिलाया कि प्रदेश में चल रहे सभी निर्माण कार्यों की सतत निगरानी की जा रही है, ताकि विकास कार्यों का लाभ आम जनता तक बिना विलंब पहुंचे।

    हमारा शौर्य

    हमारे बारे मे

    whatsapp-image-2020-06-03-at-11.08.16-pm.jpeg
     
    CHIEF EDITOR -  SHARAD PANSARI
    CONTECT NO.  -  8962936808
    EMAIL ID         -  shouryapath12@gmail.com
    Address           -  SHOURYA NIWAS, SARSWATI GYAN MANDIR SCHOOL, SUBHASH NAGAR, KASARIDIH - DURG ( CHHATTISGARH )
    LEGAL ADVISOR - DEEPAK KHOBRAGADE (ADVOCATE)
    © 2015 Shouryapath. All Rights Reserved. Designed By Global Vision