
CONTECT NO. - 8962936808
EMAIL ID - shouryapath12@gmail.com
Address - SHOURYA NIWAS, SARSWATI GYAN MANDIR SCHOOL, SUBHASH NAGAR, KASARIDIH - DURG ( CHHATTISGARH )
LEGAL ADVISOR - DEEPAK KHOBRAGADE (ADVOCATE)
Google Analytics —— Meta Pixel
वहीं आज कांग्रेस की अगुवाई में विपक्ष के नेताओं की राज्यसभा में मल्लिकाअर्जुन खड़गे के दफ्तर में सुबह 10 बजे बैठक होगी. वहीं टीएमसी के सांसदों की बैठक 10.15 संसद भवन के अपने दफ्तर में अलग होगी. दोनों बैठकों का मकसद शीतकालीन सत्र में सरकार को घेरना है, पर एक साथ दिखना नहीं है.
नईदिल्ली /शौर्यपथ/
संसद के शीतकालीन सत्र के पहले ही दिन सत्ता पक्ष और विपक्ष में जमकर टकराव देखने को मिला. पहले कृषि बिल बिना चर्चा के पास करवाने को लेकर फिर 12 सांसदों के निलंबन को लेकर. दरअसल, अगस्त में मॉनसूत्र सत्र में हंगामा करने वाले सांसदों के खिलाफ इस सत्र में कार्रवाई हुई है. विपक्षी सांसदों का कहना है कि ये निलंबन पूरी तरह से नियमों के खिलाफ है. उनका कहना है कि सदस्य को सत्र के बाकी बचे समय के लिए निलंबित किया जाता है और मॉनसून सत्र 11 अगस्त को ही समाप्त हो गया था ऐसे में इस सत्र में निलंबन गलत है. यहां तक कि पूरे सत्र के बहिष्कार तक की बात कर रहे हैं विपक्षी सांसद. वहीं अब संसदीय कार्य मंत्री प्रह्लाद जोशी ने कहा है कि अगर अपने बर्ताव के लिए सांसद माफी मांगें तो निलंबन वापसी पर विचार हो सकता है.
वहीं आज कांग्रेस की अगुवाई में विपक्ष के नेताओं की राज्यसभा में मल्लिकाअर्जुन खड़गे के दफ्तर में सुबह 10 बजे बैठक होगी. वहीं टीएमसी के सांसदों की बैठक 10.15 संसद भवन के अपने दफ्तर में अलग होगी. दोनों बैठकों का मकसद शीतकालीन सत्र में सरकार को घेरना है, पर एक साथ दिखना नहीं है. सोमवार को भी कांग्रेस की बुलाई बैठक में टीएमसी शामिल नहीं हुई. यह नही गांधी प्रतिमा के सामने किसानों को लेकर कांग्रेस और टीएमसी ने अलग-अलग प्रदर्शन किया. साफ है कि टीएमसी बीजेपी के खिलाफ कांग्रेस के साथ नहीं दिखना चाहती.
संसद के शीतकालीन सत्र के शुरुआत की 'हंगामेदार' हुई है. राज्य सभा से 12 सांसद पूरे सत्र के लिए निलंबित कर दिया गए हैं. मॉनसून सत्र में हंगामा करने के लिए सांसदों के खिलाफ यह कार्रवाई हुई है. इसे लेकर विपक्षी सांसदों का कहना है कि निलंबन पूरी तरह नियमों के खिलाफ है. वे इस पूरे सत्र के बहिष्कार की बात कर रहे हैं, जिसके बाद अब संसदीय कार्य मंत्री प्रह्लाद जोशी ने कहा है कि अगर अपने बर्ताव के लिए सांसद माफी मांगें तो निलंबन वापसी पर विचार हो सकता है.
Make sure you enter all the required information, indicated by an asterisk (*). HTML code is not allowed.
Feb 09, 2021 Rate: 4.00
