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धर्म संसार / शौर्यपथ / प्रभु यीशु के जन्म की ख़ुशी में मनाया जाने वाला क्रिसमस का त्योहार पूरी दुनिया में मनाया जाता है। यह त्योहार कई मायनों में बेहद खास है। क्रिसमस को बड़ा दिन, सेंट स्टीफेंस डे या फीस्ट ऑफ़ सेंट स्टीफेंस भी कहा जाता है। प्रभु यीशु ने दुनिया को प्यार और इंसानियत की शिक्षा दी। उन्होंने लोगों को प्रेम और भाईचारे के साथ रहने का संदेश दिया। प्रभु यीशु को ईश्वर का इकलौता प्यारा पुत्र माना जाता है। इस त्योहार से कई रोचक तथ्य जुड़े हैं। आइए जानते हैं इनके बारे में।
क्रिसमस ऐसा त्योहार है जिसे हर धर्म के लोग उत्साह से मनाते हैं। यह एकमात्र ऐसा त्योहार है जिस दिन लगभग पूरे विश्व में अवकाश रहता है। 25 दिसंबर को मनाया जाने वाला यह त्योहार आर्मीनियाई अपोस्टोलिक चर्च में 6 जनवरी को मनाया जाता है। कई देशों में क्रिसमस का अगला दिन 26 दिसंबर बॉक्सिंग डे के रूप मे मनाया जाता है। क्रिसमस पर सांता क्लॉज़ को लेकर मान्यता है कि चौथी शताब्दी में संत निकोलस जो तुर्की के मीरा नामक शहर के बिशप थे, वही सांता थे। वह गरीबों की हमेशा मदद करते थे उनको उपहार देते थे। क्रिसमस के तीन पारंपरिक रंग हैं हरा, लाल और सुनहरा। हरा रंग जीवन का प्रतीक है, जबकि लाल रंग ईसा मसीह के रक्त और सुनहरा रंग रोशनी का प्रतीक है। क्रिसमस की रात को जादुई रात कहा जाता है। माना जाता है कि इस रात सच्चे दिल वाले लोग जानवरों की बोली को समझ सकते हैं। क्रिसमस पर घर के आंगन में क्रिसमस ट्री लगाया जाता है। क्रिसमस ट्री को दक्षिण पूर्व दिशा में लगाना शुभ माना जाता है। फेंगशुई के मुताबिक ऐसा करने से घर में सुख समृद्धि आती है। पोलैंड में मकड़ी के जालों से क्रिसमस ट्री को सजाने की परंपरा है। मान्यता है कि मकड़ी ने सबसे पहले जीसस के लिए कंबल बुना था।
मेयर द्वारा स्वास्थ्य विभाग की बैठक में सख्त निर्देश,शहर के प्रत्येक वार्ड से 100% कलेक्शन हो कचरा,प्लाट में कचरा फेकने वालो पर लगाए फाइन
दुर्ग/शौर्यपथ /नगर पालिक निगम के मेयर श्रीमती अलका बाघमार ने स्वास्थ्य प्रभारी नीलेश अग्रवाल के साथ बैठक में लगातार नए-नए फैसले लेकर शहर को स्वच्छ और सुंदर बनाने के लिए मुहिम चला रहे हैं।मेयर ने कहा शहर की बेहतर सफाई के साथ कचरों का प्रंबधन से संग्रहण करना सफाई कर्मियों के कार्य मे शामिल है।
कार्यक्रम में स्वास्थ्य विभाग प्रभारी नीलेश अग्रवाल,स्वास्थ्य अधिकारी धर्मेंद्र मिश्रा,प्रताप सोनी,सुरेश भारती,पीआईयू कुणाल,राहुल,रामलाल भट्ट सहित अन्य कर्मचारियो,सुपर वाइजर मौजूद रहें।महापौर द्वारा आज बैठक में निर्देश कहा प्रत्येक वार्डो में सफाई सुपर वाइजर द्वारा 100% टोटल कलेक्शन कराया जाए, उन्होंने कहा कि सभी सुपर वाइजर साथ मे रिक्शे सेंटर में कचरा खाली करने पहुंचे।उन्होंने ये भी कहा कि प्रत्येक वार्ड में एक ही सुपरवाइजर कार्य करेंगे।प्राइवेट प्लेटो में लोगो के द्वारा कचरा फेका जा रहा है उन पर जुर्माना की कार्रवाही की जाए यह जिम्मेदारी वार्ड के सुपर वाइजर की रहेंगी। बैठक में उन्होंने कुशल कचरा प्रबंधन के विषय पर बताया कि स्वच्छ भारत अभियान भारत को पूर्णतया स्वच्छ बनाने के लिए एक मुहिम है। उन्होनें स्वच्छता के महत्व का समझाया। उन्होनें सफाई कर्मचारियों की भूमिका एवं जिम्मेदारियों की बात बतायी।बैठक में कुशल कचरा प्रबंधन के विषय पर बताया कि स्वच्छ भारत अभियान भारत को पूर्णतया स्वच्छ बनाने के लिए एक मुहिम है।
स्वास्थ्य अधिकारी ने बताया कि घर-घर कचरा में प्रमुख अपशिष्ट प्लास्टिक वेस्टा, किचन तथा गार्डन से निकलने वाले वेस्ट, कांच एवं पत्थर आदि, कागज एवं गत्ता, वृक्षों के सूखे पत्ते, गीला और सूखा कचरा के साथ ही कचरा संग्रहण और प्रबंधन कार्य एवं कम्पोस्ट खाद बनाना एवं गोबर खाद तैयार करने जैसे अनेक कार्य शामिल है।
मेयर ने कहा पब्लिक फीडबैक पर हमें अत्यधिक ध्यान देने की आवश्यकता है इसके साथ ही शहर में स्वच्छता हेतु निगम की गाड़ी चल रही निगम की गाड़ियों में पब्लिक फीडबैक मिलना आवश्यक है।स्वच्छता 24/25 सर्वे में शहर को प्रथम लाने हेतु आप सभी की मेहनत की आवश्यकता है।
मेयर ने कहा कि नगर निगम के राजस्व अमले एवं जिनके कार्य अभी नगर निगम में सुचारू रूप से चल रहे हैं, उनको छोड़कर नगर निगम के सम्पूर्ण अमले को तत्काल स्वच्छता के संबंध मं फील्ड में कार्य पर लगने आवष्यक रूप से निर्देश दिए।
स्वास्थ्य प्रभारी नीलेश अग्रवाल ने कहा कि वार्डों मे सभी स्वच्छता को लेकर जागरूकता अभियान चलाए जाने की आवश्यकता है।वार्डो के भीतरी एवं मुख्य मार्गो की सफाई में विशेष ध्यान देने की आवश्यकता है, वार्डों में स्थित बाजारों और तालाबों में में स्वच्छता अवश्य रखें।
रायपुर /शौर्यपथ /मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय से फेडरेशन ऑफ कर्नाटक चेंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री के प्रतिनिधिमंडल ने मुलाकात की। बैठक में कर्नाटक और छत्तीसगढ़ के बीच औद्योगिक विकास, रोजगार सृजन और व्यापारिक सहयोग बढ़ाने पर चर्चा हुई। FKCCI ने कर्नाटक सरकार की नई औद्योगिक नीति 2025-30 के तहत निवेश और कारोबारी सुगमता को लेकर अपने विचार साझा किए।
बंगलुरु। शौर्यपथ। छत्तीसगढ़ में हरित ईंधन के क्षेत्र में निवेश को लेकर उद्योग जगत की दिलचस्पी बढ़ रही है। बेंगलुरु में आयोजित बैठक में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय से GPRS Arya Pvt. Ltd. के दीपक अग्रवाल ने मुलाकात कर बताया कि उनकी कंपनी राज्य में पराली से Compressed Bio-Gas (CBG) बनाने की दिशा में तेजी से काम कर रही है। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ के विभिन्न जिलों में CBG प्लांट लगाने की योजना है, जिससे किसानों को फसल अवशेषों से अतिरिक्त आमदनी मिलेगी और प्रदूषण में भी कमी आएगी।
कंपनी ने हाल ही में बेमेतरा जिले में इंडियन ऑयल के साथ मिलकर एक CBG प्लांट स्थापित किया है, जो अब पूरी तरह से कार्य करने की दिशा में है। दीपक अग्रवाल ने मुख्यमंत्री को बताया कि इस परियोजना के सफल होने के बाद वे छत्तीसगढ़ के अन्य जिलों में भी इसी मॉडल को अपनाना चाहते हैं। इस पहल से जैविक ईंधन उत्पादन को बढ़ावा मिलेगा और पर्यावरण अनुकूल ऊर्जा के क्षेत्र में राज्य की भागीदारी मजबूत होगी।
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि सरकार हरित ऊर्जा को बढ़ावा देने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। उन्होंने बताया कि छत्तीसगढ़ की नई औद्योगिक नीति के तहत जैविक ईंधन और पर्यावरण अनुकूल परियोजनाओं के लिए विशेष प्रोत्साहन दिया जा रहा है। इस बैठक में उद्योग जगत के अन्य प्रतिनिधियों ने भी छत्तीसगढ़ में निवेश को लेकर उत्सुकता जताई।
स्रोत - जनसम्पर्क विभाग
*छत्तीसगढ़ सरकार ने नैसकॉम, आईईएसए एवं टाई बैंगलोर के साथ एमओयू पर किया साइन*
*मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने बेंगलुरु में आयोजित इन्वेस्टर कनेक्ट मीट में उद्योगपतियों और निवेशकों से किया संवाद*
बेंगलुरू / शौर्यपथ / देश की सिलिकॉन वैली के रूप में प्रसिद्ध बेंगलुरु की कई बड़ी टेक कंपनियों ने छत्तीसगढ़ में निवेश को लेकर रूचि दिखाई है। छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने बेंगलुरु में आयोजित इन्वेस्टर कनेक्ट मीट में देश के शीर्ष उद्योगपतियों और बिजनेस लीडर्स से संवाद कर राज्य में निवेश की संभावनाओं पर चर्चा की। इस दौरान इंजीनियरिंग, टेक्सटाइल, इलेक्ट्रॉनिक्स, आईटी/आईटीईएस, खाद्य प्रसंस्करण और ग्रीन फ्यूल जैसे क्षेत्रों के कई बड़ी कम्पनियों ने 3700 करोड़ के निवेश प्रस्ताव सौंपें हैं।
इसके साथ ही छत्तीसगढ़ सरकार ने आईटी और इलेक्ट्रॉनिक्स सेक्टर में निवेश को बढ़ावा देने के उद्देश्य से नैसकॉम, इंडिया इलेक्ट्रॉनिक्स एंड सेमीकंडक्टर एसोसिएशन (IESA) और द इंडस एंटरप्रेन्योर्स (TiE) बैंगलोर के साथ महत्वपूर्ण एमओयू भी साइन किया है।
सम्मेलन में मुख्यमंत्री श्री साय ने राज्य में निवेश के लिए आमंत्रित करते हुए कहा कि छत्तीसगढ़ निवेश और उद्योगों के लिए देश के सबसे उभरते हुए राज्यों में से एक है। देश के सबसे समृद्ध खनिज संसाधन, सेंट्रल इंडिया की शानदार लोकेशन और कनेक्टिविटी के लाभ के साथ ही छत्तीसगढ़ में भरपूर बिजली-पानी, मानव संसाधन जैसी बुनियादी सुविधाएं हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा डिजिटल टेक्नोलॉजी से छत्तीसगढ़ सुशासन का मॉडल स्टेट बन रहा है। छत्तीसगढ़ सरकार ने अब निवेश के लिए कागजी झंझट खत्म कर दिया गया है। बस एक क्लिक में एनओसी मिलेगी और फैसला भी डिजिटल तरीके से होगा। नई औद्योगिक नीति से निवेश प्रक्रिया को आसान और पारदर्शी बनाया गया है।
उन्होंने बताया नई उद्योग नीति में निवेश एवं रोजगार के अवसरों में वृद्धि के लिए 1 हजार करोड़ रुपए अथवा एक हजार लोगों को रोजगार देने वाले उद्योगों को बी-स्पोक नीति का अवसर प्रदान किया गया है। इस नीति में 30 से 50 प्रतिशत तक एवं 200 से 450 करोड़ रुपए तक स्थायी पूंजी निवेश की प्रतिपूर्ति का प्रावधान किया गया है। 5 से 12 वर्ष तक नेट एसजीएसटी प्रतिपूर्ति, रोजगार एवं ईपीएफ प्रतिपूर्ति तथा प्रशिक्षण व्यय की प्रतिपूर्ति के लिए आकर्षक प्रावधान किये गये हैं।
उन्होंने कहा कि नई औद्योगिक नीति में हमने आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस, रोबोटिक्स, कंप्यूटिंग, ग्रीन हाइड्रोजन जैसे क्षेत्रों में निवेश के लिए आकर्षक प्रावधान रखे गये हैं। इसके साथ ही इलेक्ट्रिकल एवं इलेक्ट्रानिक्स, फार्मा, टैक्सटाइल, फूड एंड एग्रो प्रोसेसिंग जैसे क्षेत्रों में भी विशेष रियायत दी गई है। हम नवा रायपुर में फार्मास्यूटिकल पार्क भी स्थापित कर रहे हैं जो सेंट्रल इंडिया का सबसे बड़ा फार्मास्यूटिकल पार्क होगा।
मुख्यमंत्री श्री साय ने बताया कि रायपुर को हम मध्य भारत के सबसे बड़े आईटी हब के रूप में विकसित कर रहे हैं। यहाँ 1.6 बिलियन डालर का निवेश किया गया है जिससे यहां की अधोसंरचना देश के सबसे शानदार शहरों जैसी है। नवा रायपुर ग्रीनफील्ड शहर भी हैं जिससे आईटी इंडस्ट्री के विकास के लिए यहां भरपूर संभावनाएं हैं।
इस मीट में उद्योग विभाग के मंत्री श्री लखन लाल देवांगन, मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव श्री सुबोध सिंह, सचिव श्री राहुल भगत, उद्योग विभाग के सचिव श्री रजत कुमार, नई दिल्ली में छत्तीसगढ़ की इन्वेस्टमेंट कमिश्नर सुश्री ऋतु सैन, सचिव एस भारतीदासन, उद्योग और वाणिज्य विभाग के सचिव सौरभ कुमार, संचालक श्री प्रभात मलिक और सीएसआईडीसी के प्रबंध संचालक श्री विश्वेश कुमार सहित कई वरिष्ठ अधिकारी शामिल हुए।
*बस्तर में निवेशकों के लिए अपार संभावनाएं*
मुख्यमंत्री ने बताया कि बस्तर और सरगुजा को हमने सर्वाधिक औद्योगिक निवेश प्रोत्साहन क्षेत्र के रूप में रखा है। यहां कोर सेक्टर प्रोत्साहन, आयरन और कोल रायल्टी में 50 से 100 प्रतिशत तक छूट है। सेस की प्रतिपूर्ति 150 प्रतिशत तक किये जाने का प्रावधान है। बस्तर में नगरनार स्टील प्लांट के पास ग्राम नियानार में हम 118 एकड़ में नये औद्योगिक क्षेत्र की स्थापना करने जा रहे हैं इससे यहां बड़े पैमाने पर लघु, सूक्ष्म एवं मध्यम उद्यमों को स्थापना के अवसर मिलेंगे।
*देश की अग्रणी कंपनियां करेंगी छत्तीसगढ़ में निवेश*
सम्मेलन में बीईएमएल, क्लेन पैक्स, कीन्स टेक्नोलॉजी, नैसकॉम, गोकुलदास एक्सपोर्ट्स, ब्रिटानिया, टाई बैंगलोर और कर्नाटक चैंबर ऑफ कॉमर्स जैसी प्रमुख कंपनियों व औद्योगिक समूहों ने भाग लिया। इन कंपनियों ने छत्तीसगढ़ की नई औद्योगिक नीति, अनुकूल नीतिगत वातावरण और मजबूत आधारभूत ढांचे की सराहना की।
*छत्तीसगढ़ को मिले निवेश प्रस्तावों की झलक*
- GPSR आर्या प्राइवेट लिमिटेड (CBG ग्रीन फ्यूल सेक्टर) – ₹1350 करोड़ का निवेश कर यह कंपनी बायोगैस और हरित ऊर्जा उत्पादन को बढ़ावा देगी, जिससे राज्य में स्वच्छ ऊर्जा क्रांति आएगी।
- क्लेन पैक्स (टेक्सटाइल सेक्टर) – ₹500 करोड़ के निवेश से यह कंपनी कपड़ा उद्योग को बढ़ावा देगी और स्थानीय युवाओं के लिए रोज़गार के अवसर बढ़ाएगी।
- ब्रिटानिया (फूड प्रोसेसिंग सेक्टर) – ₹200 करोड़ का निवेश कर यह कंपनी खाद्य प्रसंस्करण उद्योग को मजबूत करेगी, जिससे स्थानीय किसानों और छोटे उद्यमियों को लाभ होगा।
- कीन्स टेक्नोलॉजी (आईटी/आईटीईएस सेक्टर) – ₹1000 करोड़ के निवेश से छत्तीसगढ़ के आईटी सेक्टर को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने का लक्ष्य रखा गया है, जिससे युवाओं को बड़े पैमाने पर रोज़गार मिलेगा।
- गोकुलदास एक्सपोर्ट्स और SRV निट टेक प्राइवेट लिमिटेड – दोनों कंपनियां ₹200 करोड़ का निवेश कर टेक्सटाइल सेक्टर को मजबूती देंगी, जिससे राज्य के कपड़ा उद्योग को नई पहचान मिलेगी।
- BEML (भारत अर्थ मूवर्स लिमिटेड) ने छत्तीसगढ़ में 200 करोड़ रुपये के निवेश की घोषणा की है। यह निवेश राज्य में इंजीनियरिंग और निर्माण क्षेत्र को मजबूती देगा, जिससे स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर बढ़ेंगे।
- पुनीत क्रिएशन, श्याम टेक्सटाइल एवं वूल रिसर्च एसोसिशन ने भी छत्तीसगढ़ में रूचि दिखाते हुए निवेश प्रस्ताव सौंपे हैं।
बेंगलुरु। शौर्यपथ। छत्तीसगढ़ में टेक्सटाइल उद्योग को बढ़ावा देने के लिए प्रमुख उद्योगपति मनोज अग्रवाल, जो Punit Creations के प्रमुख हैं, ने राज्य में निवेश का प्रस्ताव दिया है। उन्होंने मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय से मुलाकात कर छत्तीसगढ़ को टेक्सटाइल हब के रूप में विकसित करने की संभावनाओं पर चर्चा की।
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मनोज अग्रवाल ने बताया कि छत्तीसगढ़ में श्रमशक्ति (लेबर) और अनुकूल औद्योगिक माहौल की वजह से टेक्सटाइल उद्योग के लिए अपार संभावनाएं हैं। राज्य सरकार की नीतियों के तहत यदि किसी उद्योग में 1,000 से अधिक लोगों को रोजगार मिलता है, तो सरकार अतिरिक्त सब्सिडी भी प्रदान करेगी। इस पहल से रोजगार के अवसर बढ़ेंगे और राज्य के युवाओं को अपने ही प्रदेश में काम करने के बेहतर अवसर मिलेंगे।
स्रोत -जनसम्पर्क विभाग
भाजपा सरकार शराब की काली कमाई में डूब गई है : कांग्रेस
रायपुर/ शौर्यपथ / छत्तीसगढ़ में भाजपा सरकार की नकली मिलावटी और अवैध शराब को संरक्षण देने का आरोप लगाते हुए प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष दीपक बैज ने कहा है कि बलरामपुर के सरकारी शराब दुकान में बियर के बोतल में गंदा पानी मिला, जगदलपुर में दर्जनों पेटी अवैध शराब मध्यप्रदेश से आए कई जिलों की सीमा पार कर अवैध शराब की निर्बाध सप्लाई बिना सत्ता के संरक्षण के संभव नहीं है। सरकारी शराब दुकानों में दो गल्ले चल रहे है। बलरामपुर के सरकारी शराब दुकान में जो बियर की बोतल में गंदा पानी निकल रहा है और ऐसे मिलावटी शराब से जो वसूली हो रही है उसका पैसा किस गल्ले में जा रहा है? नकली और मिलावटी शराब का सरगना कौन है? शराब की काली कमाई में किस-किस की हिस्सेदारी है, छत्तीसगढ़ की जनता जानना चाहती है।
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने कहा है कि साय सरकार के द्वारा लगातार शराबखोरी को संरक्षण देने वाले निर्णयों से प्रमाणित है कि भाजपा का शराबबंदी के लिए प्रदर्शन केवल राजनैतिक पाखंड था। साय सरकार का शराब प्रेम मनपसंद ऐप और 67 नई शराब दुकान खोलने के निर्णय से स्पष्ट है। भाजपा नेताओं का फोकस केवल कमीशनखोरी और भ्रष्टाचार में है और इसके लिए प्रदेश की नशे में डुबोने का षडयंत्र रचा है।
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने है कहा कि शराबबंदी को लेकर पांच सालों तक हल्ला मचाने वाले भाजपाई बताये शराबबंदी कब होगी? भाजपा के हर छोटे-बड़े नेता ने जनता के बीच घूम-घूम कर शराबबंदी के लिए बढ़-चढ़कर बातें किया था। सरकार में आने के बाद सरकार और भाजपाईयों दोनों के जुबान पर ताला लग गया है।
छत्तीसगढ़ पेंशनर्स समाज पाटन के वार्षिक सम्मेलन में शामिल हुए भाजपा नेता जितेंद्र वर्मा एवं योगेश निक्की भाले
पाटन /शौर्यपथ /जगन्नाथ स्वामी मंदिर प्रांगण अखरा में आयोजित छत्तीसगढ़ पेंशनर्स समाज पाटन तहसील के वार्षिक सम्मलेन में मुख्य अतिथि के रुप में भाजपा निवर्तमान जिलाध्यक्ष जितेंद्र वर्मा, अध्यक्षता अध्यक्ष छत्तीसगढ़ पेशनर्स समाज पाटन हीरा सिंह वर्मा, विशेष अतिथी नगर पंचायत अध्यक्ष योगेश निक्की भाले, प्रांताध्यक्ष छत्तीसगढ़ पेंशनर्स समाज रायपुर चेतन भारती जी , मुख्य न्यासी जगन्नाथ मंदिर अखरा अमरचंद वर्मा जी के गरिमामयी उपस्थिति में सम्पन्न हुआ। वार्षिक सम्मेलन में दिवंगत पेंशनर्स सेवा निवृत शिक्षक स्व. भुवन लाल वर्मा, स्व. कोमल धुरन्धर एवं अन्य दिवगंतो को श्रद्धासुमन अर्पित किया गया। विभिन्न क्षेत्रों के पेंशनर्स एवं उपस्थित अतिथियों का सम्मान कार्यक्रम के माध्यम से किया गया।
जितेंद्र वर्मा निवर्तमान भाजपा जिलाध्यक्ष ने सम्मेलन को सम्बोधित करते हुए कहा कि आप सभी की बीच आकर मैं गौरवन्वित हूँ। आप सभी ने अपनी कर्मठता और लगन से विभिन्न विभागों में सेवा प्रदान कर क्षेत्र का गौरव बढ़ाया है, आप सभी के सेवाभाव को मैं वंदन करता हूँ। आप सभी का स्नेह, सहयोग एवं आशीर्वाद सदैव बना रहे यही कामना करता हूँ। आज आप सभी लाखों नागरिकों के पथ प्रदर्शक हैं,एक अत्यंत हर्ष का विषय है की पूर्व मे पेंशनर्स समाज के द्वारा डोम शेड निर्माण का माँग रखा गया था आप सभी के आशीर्वाद से मैंने मंडी बोर्ड से राशि स्वीकृत कराया है इस बार भी आप लोग के द्वारा पेंशनर्स भवन के उपर अतिरिक्त कमरा और हॉल निर्माण का माँग रखा गया है मैं आप सभी को विश्वास दिलाता हूँ की इसके लिए भी पूरा प्रयास करूँगा।
योगेश निक्की भाले नगर पंचायत अध्यक्ष ने कहा कि आज इस कार्यक्रम में अनुभव और उम्र में सबसे छोटा मैं ही हूँ और इस कार्यक्रम में मैं आप सभी से आशीर्वाद और मार्गदर्शन लेने आया हूँ। आप सभी ने मुझे इस कार्यक्रम का हिस्सा बनाया वह मेरा सौभाग्य हैं। आप सभी के मार्गदर्शन, सहयोग और आशीर्वाद से मैं जनता पुरे कर्मठता के साथ सेवा करुंगा। आप सभी का अनुभव हर भावी पीढ़ी के लिए खजाना हैं।
इस अवसर पर छत्तीसगढ़ पेंशनर्स समाज पाटन तहसील के पदाधिकारी नोहर सिंह वर्मा, इंद्र कुमार वर्मा, विष्णु कुमार वर्मा, अलखराम वर्मा, टी. आर. देवांगन, भास्कर सवार्नी, के. पी. हिरवानी, कमला सेन, बुधवंतीन ठाकुर, भागवत प्रसाद वर्मा, सीताराम वर्मा सहित अन्य पदाधिकारी व सदस्य एवं गणमान्यजन प्रमुख रुप से उपस्थित थे।
दुर्ग//शौर्यपथ /नगर पालिक निगम महापौर श्रीमती अल्का बाघमार को ठगड़ा बांध से पानी बाहर निकलने की समस्या से संबंधित शिकायत प्राप्त होने पर उन्होंने तुरंत इस मामले की गंभीरता को समझते हुए स्थल निरीक्षण करने का निर्णय लिया।
महापौर श्रीमती अल्का बाघमार एमआईसी सदस्य देव नारायण चंद्राकर, लीना दिनेश देवांगन, शेखर चंद्राकर, शशि साहू, हर्षिका संभव जैन, पार्षद लीलाधर पाल के साथ स्थल निरीक्षण के लिए पहुंची।
निरीक्षण के दौरान, स्थानीय लोगों ने पानी निकासी की समस्या और इससे हो रही परेशानियों के बारे में विस्तार से जानकारी दी। महापौर श्रीमती अल्का बाघमार ने समस्या का जायजा लेते हुए नगर निगम के अधिकारियों को तत्काल प्रभाव से समाधान करने के लिए सख्त निर्देश दिए।
महापौर ने कहा, “ठगड़ा बांध से पानी को बाहर फेंका जा रहा है, इसकी जांच करवाकर कार्रवाई की जाएगी।” उन्होंने यह भी कहा कि ठगड़ा बांध में जलभराव रहना चाहिए, क्योंकि गर्मी के मौसम में पानी का अत्यधिक महत्व है और यह पशु-पक्षियों के जीवन के लिए अत्यंत आवश्यक है।
महापौर ने स्थानीय निवासियों को भरोसा दिलाया कि नगर निगम उनकी समस्याओं को प्राथमिकता के आधार पर हल करेगा। साथ ही, उन्होंने अधिकारियों को यह निर्देश दिया कि भविष्य में ऐसी समस्याओं को रोकने के लिए ठोस योजनाएँ तैयार की जाएं। उन्होंने अधिकारियों से ठगड़ा बांध से पानी की निकासी को बंद करने के लिए भी सख्त निर्देश दिए।
बीजापुर/शौर्यपथ /संम्पूर्ण विश्व में जलवायु परिवर्तन के कारण वैश्विक तापमान में औसत रूप से वृद्धि हुई है, जिसके कारण छत्तीसगढ़ के विभिन्न हिस्सों में 15 मार्च से जून 2025 के दौरान भीषण गर्मी पड़ने एवं लू चलने की संभावना है। गर्मी के कारण जन मानस का स्वास्थ्य प्रभावित होता है, जिससे लू लगना एवं मौसमी जलजनित संक्रामक बीमारियों का प्रकोप बढ़ जाता है। गर्मी के कारण लू लगने से बचाव तथा जलजनित संक्रामक बीमारियों से बचाव, रोकथाम एवं उपचार हेतु पूर्व से तैयारियां किया जाना अत्यंत आवश्यक है।
उक्त परिस्थितियों को दृष्टिगत रखते हुए निम्न दिशा-निर्देश जारी किये गये हैः- लू के लक्षणः- सिर में भारीपन और दर्द का अनुभव होना, तेज बुखार के साथ मुंह का सूखना, चक्कर और उल्टी आना, कमजोरी के साथ शरीर में दर्द होना, शरीर का तापमान अधिक होने के बावजूद पसीने का ना आना, अधिक प्यास लगना और पेशाब कम आना, भूख कम लगना, बेहोश होना,
लू से बचाव के उपायः- लू लगने का प्रमुख कारण तेज धूप और गर्मी में ज्यादा देर रहने के कारण शरीर में पानी और खनिज मुख्यतया नमक की कमी हो जाना होता है।
इससे बचाव के लिए निम्न बातों का ध्यान रखना चाहिए- बहुत अनिवार्य न हो तो घर से बाहर ना जावें। धूप में निकलने से पहले सर व कानों को कपड़े से अच्छी तरह से बांध लें। पानी अधिक मात्रा में पीयें, अधिक समय तक धूप में न रहें, गर्मी के दौरान नरम, मुलायम सूती कपड़े पहनने चाहिए ताकि हवा और कपडे पसीने को सोखते रहें। अधिक पसीना आने की स्थिति में ओ.आर.एस. घोल पीयें। चक्कर आने, मितली आने पर छाया दार स्थान पर आराम करें तथा शीतल पेय जल अथवा उपलब्ध हो तो फल का रस, लस्सी, मठा आदि का सेवन करें। प्रारंभिक सलाह के लिए 104 आरोग्य सेवा केन्द्र से निः शुल्क परामर्श लिया जावें। उल्टी, सर दर्द, तेज बुखार की दशा में निकट के अस्पताल अथवा स्वास्थ्य केन्द्र में जरूरी सलाह लिया जावें।
लू लगने पर किया जाने वाला प्रारंभिक उपचारः- बुखार पीड़ित व्यक्ति के सर पर ठंडे पानी की पट्टी लगावें। अधिक पानी व पेय पदार्थ पिलायें जैसे कच्चे आम का पन्ना, जलजीरा आदि। पीड़ित व्यक्ति को पंखे के नीचे हवा में लेटा देवें। शरीर पर ठंडे पानी का छिड़काव करते रहें। पीड़ित व्यक्ति को शीघ्र ही किसी नजदीकी चिकित्सक या अस्पताल में इलाज के लिए ले जावें। मितानिन ए.एन.एम. से ओ.आर.एस. की पैकेट हेतु संपर्क करें।
महासमुंद /शौर्यपथ /महासमुंद तहसील के ग्राम तुमाडबरी में बिना अनुमति के बाडी में बोरवेल खुदाई करते एक बोरवेल वाहन एवं एक स्पोर्ट वाहन को प्रशासन ने जब्त किया है। एसडीएम हरिशंकर पैंकरा के निर्देश पर यह कार्रवाई की गई, जिसमें बोरवेल वाहन क्रमांक सीजी04पीजे 2316 एवं सपोर्ट वाहन सीजी 04 एम जेड 0649 को जब्त किया गया।
तहसील प्रशासन को सूचना मिली थी कि ग्राम तुमाडबरी के खेमाराम साहू के बाडी में बिना किसी आधिकारिक स्वीकृति के बोर खुदाई की जा रही है। इस पर तहसीलदार कृष्ण कुमार साहू एवं नायब तहसीलदार मोहित अमिला की टीम मौके पर पहुंची और खुदाई कार्य को रुकवाया। जांच में यह सामने आया कि संबंधित व्यक्ति के पास बोर खुदाई की कोई अनुमति नहीं थी। इसके बाद एसडीएम के निर्देशानुसार दोनों वाहनों को जप्त कर लिया गया।इस मौके पर मौजूद ग्रामीणों के समक्ष पंचनामा तैयार कर महासमुंद थाने में वाहनों को सुपुर्द किया गया।
गौरतलब है कि बिना अनुमति के बोरवेल खुदाई करना वर्तमान में कानूनन प्रतिबंधित है। भूजल स्तर को नियंत्रित रखने और अवैध खुदाई को रोकने के लिए प्रशासन समय-समय पर सख्त कार्रवाई करता रहा है। प्रावधानों के अनुसार प्राधिकृत अधिकारी नलकूप खनन की आवश्यकता होने पर अनुमति प्रदान करने की कार्यवाही करेगें। बोरवेल खनन अथवा बोरवेल मरम्मत का कार्य पंजीकृत बोरवेल एजेंसी द्वारा ही की जाएगी। कोई भी व्यक्ति या एजेंसी द्वारा उक्त अधिनियम के उल्लंघन में नलकूप खनन करना पाया जाता है तो उसके विरूद्ध नियमानुसार कार्यवाही सुनिश्चित करेंगे। प्रशासन ने किसानों और आम नागरिकों से अपील की है कि वे बोरवेल खुदाई के लिए पहले आवश्यक अनुमति प्राप्त करें, अन्यथा अवैध खुदाई करने पर कानूनी कार्रवाई होगी।
Feb 09, 2021 Rate: 4.00
