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भिलाई / शौर्यपथ / घोडग़ी पारा सिरसा कला मे खतरनाक मलेरिया फेलसी फेरम ने दस्तक दे दी है वार्ड न 37 निर्मलकर परिवार मे एक सदस्य को बुखार की शिकायत थी जिला मलेरिया विभाग मे जाचं उपरांत उसकी रिपोर्ट पाजिटिव आई है शहरी स्वास्थ्य कार्यक्रम चरोदा भिलाई 3 के प्रभारी बीईईटीओ सैय्यद असलम ने बताया कि सिरसा कला वार्ड एक परिवार के एक सदस्य को फेलसी फेरम पाजिटिव आया है उसके बाद काम्बेट टीम लगाकर रैपिड फीवर सर्वेक्षण कारकर मलेरिया रक्त पटिका बनाई गई है जिनका जांच भिलाई 3 मे लैब मे कराया जाएगा। मुख्य चिकित्सा एंव स्वास्थ्य अधिकारी डा गंभीर सिंह ठाकुर ने बताया कि इस सीजन मे मलेरिया लार्वा अधिक एक्टिव हो जाता है मचछर बढ जाते इसलिए जुन माह से इसके प्रतिरोधक रोकथाम गतिविधि शुरू कर दी जाती है। खंड चिकित्सा अधिकारी डा आशीष शर्मा व भिलाई 3 के चिकित्सा अधिकारी डा पीयम सिह ने बताया फेलसी फेरम मलेरिया जान लेवा हो सकता है यदि समय पर मरीज का उपचार नहीं हो तो इसलिए बुखार आने पर मलेरिया जाचं जरूर कराऐ ।
राजनांदगांव / शौर्यपथ / अयोध्या में श्रीराम मंदिर निर्माण के लिए भूमिपूजन होने पर जहां पूरा देश उत्सव मनाया। वहीं शहर के मोतीपुर में भी दीपावली मनाई गई। युवाओं ने घर-घर एवं मंदिरों में भगवा झंडे लगाए। वार्डवासियों ने भी अपने घरों में दीप जलाए, घरों के आंगन में रंगोलियां बनाई, फटाखे फोड़े, दीपदान कर भगवान श्रीराम की पूजा अर्चना की।
गोबर से निर्मित पानी में तैरने वाले दीपक से किया गया दीपदान-
इस उत्सव की घड़ी में मां पंचगव्य अुनसंधान केन्द्र ग्राम लिटिया द्वारा उपलब्ध गोबर से निर्मित पानी में तैरने वाले दीपक से वार्डवासियों ने मोतीपुर के तालाब में दीपदान भी किया। संस्था के प्रभारी आर्य प्रमोद कश्यप ने बताया कि गोबर का दीया प्रकृति के अनुकूल रहता है एवं जल को स्वच्छ बनाता है। साथ ही यह जल को प्रदूषित होने से बचाता है।
रायपुर / शौर्यपथ / प्रतिवर्ष की भांति इस वर्ष भी प्रदेश में स्वतंत्रता दिवस, 15 अगस्त गरिमामय तरीके से मनाया जाएगा। इस वर्ष कोविड-19 महामारी को ध्यान में रखते हुए विशेष सावधानी बरतते हुए आयोजन किए जाएंगे। राज्य शासन के सामान्य प्रशासन विभाग ने स्वतंत्रता दिवस समारोह के आयोजन के संबंध में दिशा-निर्देश जारी किए है। जिसके तहत भारत सरकार गृह मंत्रालय एवं स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय द्वारा कोविड-19 से बचाव हेतु जारी सभी निर्देशों का पालन एवं उपाय सुनिश्चित करते हुए कार्यक्रम आयोजित करने के निर्देश दिए गए हैं।
जारी निर्देश के तहत स्वतंत्रता दिवस का राज्य स्तरीय समारोह राजधानी रायपुर में स्थानीय पुलिस परेड ग्राउंड में आयोजित होगा जहां पर मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल ध्वजारोहण करेंगे। ध्वजारोहरण उपरांत पुलिस एवं अद्र्धसैनिक बलों की टुकडिय़ों द्वारा सलामी दी जायेगी। मुख्यमंत्री के द्वारा जनता के नाम संदेश दिया जाएगा। कार्यक्रम में कोरोना वारियर्स डॉक्टरों, पुलिस कर्मियों, स्वास्थ्य कर्मियों एवं स्वछता कर्मियों को विशेष रूप से आमंत्रित करते हुए उन्हें सम्मानित किया जाएगा। कार्यक्रम में आने वाले सभी लोगों को मास्क पहनना और सामाजिक दूरी आदि का पालन करना अनिवार्य होगा।
इसी तरह जिला स्तर पर स्वतंत्रता दिवस समारोह में मुख्य अतिथि के द्वारा ध्वजारोहरण किया जाएगा। इसके उपरांत पुलिस एवं नगर सैनिकों की टुकडिय़ों द्वारा सलामी दी जाएगी। मुख्य अतिथि के द्वारा प्रदेश के मुख्यमंत्री द्वारा जनता के नाम प्रेषित संदेश का वाचन किया जाएगा। जिला स्तरीय कार्यक्रम में भी कोरोना वारियर्स डॉक्टरों, पुलिस कर्मियों, स्वास्थ्य कर्मियों एवं स्वछता कर्मियों को विशेष रूप से आमंत्रित कर उन्हें सम्मानित किया जाएगा। कार्यक्रम में आने वाले सभी लोगों को मास्क पहनना और सामाजिक दूरी आदि का पालन करना अनिवार्य होगा।
स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर तहसील एवं जनपद स्तर पर सार्वजनिक समारोह आयोजित नहीं होंगे। जनपद कार्यालयों में जनपद अध्यक्ष एवं नगरीय निकायों में नगरीय निकाय के महापौर या अध्यक्षों द्वारा ध्वजारोहरण किया जाएगा। पंचायत मुख्यालयों में सरपंच द्वारा एवं बड़े गांवों में गांव के मुखिया द्वारा ध्वजारोहण किया जाएगा और सामूहिक रूप से राष्ट्रीय गान गाया जाएगा। सामान्य प्रशासन विभाग के दिशा-निर्देशों के अनुसार राज्य, जिला, ब्लाक एवं पंचायत स्तर पर आयोजित होने वाले कार्यक्रमों में किसी भी स्थिति में स्कूली छात्र-छात्राओं को एकत्र नहीं किया जाएगा। आयोजित कार्यक्रमों में सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन नहीं किया जाएगा। गणमान्य अतिथियों को भी सीमित संख्या में आमंत्रित किया जाएगा। बैठक व्यवस्था में सामाजिक एवं व्यक्तिगत दूरी का विशेष रूप से पालन किया जाएगा।
प्रदेश की राजधानी रायपुर एवं अन्य जिला मुख्यालयों में आयोजित होने वाले मुख्य समारोह प्रात: 9 बजे से शुरू होंगे। इसे देखते हुए रायपुर एवं अन्य जिला मुख्यालयों में स्थित शासकीय कार्यालयों को ध्वजारोहण प्रात: 8 बजे के पूर्व सम्पन्न कर लिए जाएंगे ताकि उन कार्यालयों के अधिकारी और कर्मचारी जिले के मुख्य समारोह में शामिल हो सके। सभी विभाग के कार्यालय प्रमुखों द्वारा उनके कार्यालय में ध्वजारोहरण का कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। इसके पश्चात् राष्ट्रीय गान जन-गण-मन गाया जाएगा। सभी शासकीय एवं सार्वजनिक भवनों पर राष्ट्रीय ध्वज फहराया जाएगा। स्वतंत्रता दिवस 15 अगस्त को रात्रि में प्रदेश के सभी शासकीय एवं सार्वजनिक भवनों तथा राष्ट्रीय महत्व के स्मारकों पर रोशनी की जाएगी।
दुर्ग / शौर्यपथ / वैश्विक महामारी के मद्देनजर कोरोना को लेकर शासन एवं प्रशासन के द्वारा रोज नए नए तुगलकी फरमान जारी किए जा रहे है, लेकिन उसके बावजूद कोरोना का संक्रमण राज्य भर मे दिन दूनी और रात चौगुनी रफ्तार से फैलता दिखाई दे रहा है, अब तो शासन प्रशासन को मान लेना चाहिए कि लॉक डाउन कोरोना का इलाज़ नहीं है, बल्कि लॉक डाउन के चलते बंद व्यापार ने व्यापारियों की कमर जरूर तोड़ दी है, व्यापारी अब डिप्रेसन मे जा चुके है, शासन प्रशासन ने अगर लॉक डाउन स्थिति को 6 अगस्त के बाद भी जारी किया तो अलग अलग तरह से जनता का विरोध देखने को मिल सकता है ।
इसी गंभीर मुद्दे को लेकर आज दुर्ग के कैट व्यापारी संघ ने एक बैठक का आयोजन कर लॉकडाउन जैसे गंभीर मुद्दे पर चर्चा की, इस चर्चा के बारे में संगठन के पदाधिकारियों ने मीडिया से चर्चा करते हुये शासन प्रशासन को चेतावनी दी हैं कि यदि प्रशासन 6 अगस्त के बाद भी लॉकडाउन जारी रखा और हम लोगों को दुकानें खोलने की अनुमति देता है तो हम सभी व्यापारी 7 अगस्त से प्रात: 9 बजे से रात्रि 9 बजे तक अपनी दुकान खोलेंगे। यदि चालान काटा गया तो सभी व्यापारी मिलकर इसका विरोध करेंगे। दुकान नही खुलने से हमको और हमारे परिवार को भूखे मरने की नौबत आ गई है। बिजली बिल किराया, बच्चों के स्कूल का फीस जमा करने से लेकर कई दिक्कतें हमारे सामने है, हम अब दुकान खोलने मजबूर है। अब हम हर हाल में 7 अगस्त से दुकान खोलनें चाहे कुछ भी हो।
भिलाई / शौर्यपथ / विश्व बैंक कालोनी से ऐश्वर्या गैस एजेंसी के समीप गौरव पथ से जुड़ी भिलाई-चरोदा नगर निगम का मॉडल रोड भी भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ गया। करीब एक करोड़ की लागत बनी मॉडल रोड एक महीने के अंदर ही दरकने लगी है। महज पांच सौ मीटर की लंबाई वाली इस सड़क पर जगह-जगह उभरी दरारे भ्रष्टाचार की पोल खुलता दिखाई दे रहा है। इस रोड में जगह जगह दरारों को देख रेत डालकर छिपाने की नाकाम कोशिश की जा रही है।
उल्लेखनीय है कि भिलाई -3 में एक करोड़ की लागत से बनी मॉडल रोड भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ गयी है। विश्व बैंक कालोनी से ऐश्वर्या गैस एजेंसी के समीप गौरव पथ से जुड़ी इस मॉडल रोड पर माह भर पहले ही डामरीकरण किया गया है। इस बीच कोई अधिक बारिश भी नहीं हो पायी है। बावजूद इसके सड़क का कुछ स्थान पर धंस जाना और दरारों के उभरने से कहीं न कहीं इसके निर्माण में हुई भ्रष्टाचार की पोल खुल रही है। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के निवास और पीएचई मंत्री गुरु रूद्र कुमार के निर्वाचन क्षेत्र वाले नगर निगम के महत्वपूर्ण विकास कार्य में भ्रष्टाचार की पोल खोलते इस मामले पर चर्चा सरगर्म हो गई है।
भिलाई-चरोदा नगर निगम के द्वारा लगभग दो साल पहले विश्व बैंक कालोनी से गौरव पथ को जोडऩे वाली सड़क को मॉडल रोड के रूप में विकसित करने का निर्णय लिया गया था। इसके लिए लगभग एक करोड़ रूपये व्यय प्रावधानित किया गया। इसके तहत बीच में डिवाइडर के साथ दोनों ओर 20-20 फीट चौड़ाई में डामरीकृत सड़क को माह भर पहले ही अंतिम रूप दिया गया। दोनों तरफ पैदल चलने वालों के लिए फुटपाथ और दोनों किनारों पर आरसीसी नाली के सहित सड़क को रौशन करने डिवाइडर में ट्यूबलर पोल लगाने का कार्य भी इसमें शामिल है।
जनप्रतिनिधियों की माने तो नगरीय प्रशासन विकास विभाग ने नगर निगम को अपनी सीमा के भीतर किसी एक सड़क को मॉडल रोड के रूप में विकसित करने लागत के अनुरूप राशि प्रदान करने में कोई हीला-हवाला नहीं बरता। निगम द्वारा सड़क का चयन कर प्रेषित प्रस्ताव को स्वीकृति देकर शासन ने लगभग एक करोड़ की राशि प्रदान कर दिया। लेकिन डामरीकरण के माह भर के भीतर ही जिस तरह से सड़क पर दरारें उभरने लगी है। उसके शासन की दी गई राशि के बंदरबांट होने की संभावना से इंकार नहीं किया जा रहा है। महज एक महिने में एक करोड़ की सड़क ने जिस तरीके से भ्रष्टाचार की पोल खोल कर रख दिया है उससे नगर मकसद से रेत की परत बिछाने से यह साफ नजर आ रहा है।
प्रतिबंधित समय में डामरीकरण
मॉडल रोड पर डामरीकरण का कार्य प्रतिबंधित समय में किया गया है। लोक निर्माण विभाग की गाइड लाइन के अनुसार 15 जून से 15 सितम्बर के बीच सड़क डामरीकरण नहीं किया जा सकता है। इस अवधि में बारिश की बनी रहने वाली संभावना के चलते डामरीकरण की गुणवत्ता प्रभावित होती है। लेकिन संबंधित ठेकेदार ने मॉडल रोड पर 15 जून के बाद डामरीकरण कर नियम के खिलाफ काम किया। अधिकारियों ने भी इस ओर ध्यान नहीं दिया और माह भर के भीतर ही सड़क की दशा व दिशा बिगडऩे लगी है।
ठेकेदारों की रिंग पद्धति है जिम्मेदार: विजय जैन
नगर निगम के सभापति विजय जैन ने निर्माण के एक महिने में मॉडल रोड के दरकने के लिए ठेकेदारों के अघोषित रिंग पद्धति को जिम्मेदार ठहराया है। उन्होंने यह भी कहा कि जिस तरह से मामूली बारिश में सड़क खराब होने लगी है उससे अधिकारियों और ठेकेदार की मिलीभगत उजागर हुई है। जनप्रतिनिधियों की भावना के खिलाफ जाकर ठेकेदारों को रिंग बनाकर काम बांटने अधिकारियों की करतूत से जनभावना के अनुरूप विकास नहीं हो पाना दुखद है। इस मामले की जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए।
बालोद / शौर्यपथ / कलेक्टर जनमेजय महोब आज सुबह बरसते पानी में जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी लोकेश कुमार चन्द्राकर के साथ डौण्डी विकासखण्ड के ग्राम भैंसबोड़ और ग्राम भर्रीटोला-43 के गौठान व चारागाह का निरीक्षण कर जायजा लिया। उन्होंने वहाॅ गोधन न्याय योजना के तहत गोबर विक्रेता हितग्राहियों की संख्या और अब तक खरीदे गए गोबर की मात्रा की जानकारी ली। कलेक्टर ने समूह की सदस्यों से आजीविका गतिविधियों के संचालन के संबंध में चर्चा की। उन्होंने स्वसहायता समूहों की सदस्यों से वर्मी कम्पोस्ट निर्माण हेतु प्रशिक्षण की जानकारी ली। समूह की सदस्यों ने बताया कि उन्हें वर्मी कम्पोस्ट निर्माण हेतु प्रशिक्षण मिला है। कलेक्टर ने बताया कि खरीदे गए गोबर से गौठानों में वर्मी कम्पोस्ट तैयार कर इसका सहकारी समितियों के माध्यम से विक्रय किया जाएगा। इस योजना के माध्यम से एक ओर पशुपालकों को आर्थिक लाभ होगा। दूसरी ओर जैविक खेती को बढ़ावा मिलेगा।
ग्राम भैंसबोड़ में स्वसहायता समूह की सदस्यों ने कलेक्टर को बताया कि वर्मी कम्पोस्ट निर्माण के अतिरिक्त तार फेंसिंग बनाने का कार्य किया जा रहा है। इसके अतिरिक्त अगरबत्ती और फिनायल बनाने का भी कार्य किया जाएगा। कलेक्टर ने तार फेंसिंग निर्माण कार्य का भी अवलोकन किया। समूह की सदस्यों ने बताया कि चारागाह परिसर में कृषि और उद्यान विभाग के मार्गदर्शन में विभिन्न प्रकार की सब्जियों का उत्पादन किया जा रहा है और डबरी में मछली पालन भी किया जा रहा है।
कलेक्टर ने ग्राम भर्रीटोला-43 के गौठान में गोधन न्याय योजना के तहत खरीदे गए गोबर और वर्मी टंाका का अवलोकन किया। उन्होंने वर्मी कम्पोस्ट तथा गौठान में निर्मित अन्य उत्पादों का भी आकर्षक पैकेजिंग की सलाह दी।
कलेक्टर ने वहाॅ भी चारागाह का अवलोकन किया। उन्होंने वहाॅ चारागाह परिसर में स्वसहायता समूह द्वारा ली जा रही सब्जी की फसल का अवलोकन कर उसकी सराहना की और समूह के सदस्यों का उत्साहवर्धन किया। इस अवसर पर जनपद पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी राज, सहायक परियोजना अधिकारी नीतेश साहू, पूर्व जनपद सदस्य अनिल सुथार सहित पंचायत प्रतिनिधि और ग्रामीण मौजूद थे।
राजनांदगांव / शौर्यपथ / कलेक्टर टोपेश्वर वर्मा ने आज शासकीय मेडिकल कॉलेज पेण्ड्री में वायरल रिसर्च एवं डायग्नोस्टिक लेब्रोटरी का निरीक्षण किया। कलेक्टर ने बॉयोसेफ्टी लेवल -2 रूम, टेम्प्लेट एण्ड एडिशन रूम, मास्टर मिक्स एण्ड पीसीआर रिएजेंट प्रिप्रेशन रूम, पीसीआर रूम, पोस्ट पीसीआर रूम, कोल्ड रूम, रिकार्ड रूम, स्टॉफ रूम एवं स्टरलाईजेशन रूम तथा लॉबी का निरीक्षण किया। कलेक्टर श्री वर्मा ने कहा कि इस लैब के बन जाने से अब कोविड-19 के परीक्षण के लिए आरटीपीसीआर टेस्ट में गति आएगी। उन्होंने डीन मेडिकल कॉलेज डॉ. रेणुका गहिने से लैब टेक्नीशियन एवं अन्य स्टॉफ के प्रशिक्षण के संबंध में जानकारी ली। डीन मेडिकल कॉलेज डॉ. गहिने ने बताया कि आरटीपीसीआर टेस्ट के लिए इस लैब में एक वैज्ञानिक, एक माईक्रो बॉयोलॉजिस्ट, 6 लैब टेक्नीशियन रहेंगे। उन्होंने कहा कि लेब्रोटरी में शुरूआत में आरटीपीसीआर टेस्ट के लिए प्रतिदिन 250 से 300 सेम्पल का परीक्षण किया जाएगा एवं आने वाले समय में इसकी क्षमता प्रतिदिन 1000 से 1200 तक बढ़ाई जाएगी।
इस अवसर पर अधीक्षक मेडिकल कॉलेज डॉ. प्रदीप बेक उपस्थित थे। शासकीय मेडिकल कॉलेज पेण्ड्री के माईक्रो बॉयोलॉजी विभाग के अंतर्गत कोविड-19 आरटीपीसीआर टेस्ट करने के लिए वायरल रिसर्च एवं डायग्नोस्टिक लेब्रोटरी का निर्माण किया गया है। इस लैब के नोडल ऑफिसर डॉ. विजय अंबादे एवं लेब्रोटरी इंचार्ज डॉ. सिद्धार्थ पिंपलकर है। लेब्रोटरी में सेम्पल प्राप्त करने वाली टीम सेम्पल लेगी और बीएसएल-2 रूम में सेम्पल का सत्यापन वेरिफिकेशन टीम के द्वारा किया जाएगा। उसके बाद सेम्पल एनालिसिस एवं आरएनए एक्सट्रेक्शन टीम आरएनए का एक्सटे्रक्शन का कार्य करेगी। निकाले हुए निष्कर्षित आरएनए का मास्टर मिक्स के साथ मिक्सिंग किया जाएगा एवं अंतिम चरण में आरटीपीसीआर मशीन के माध्यम से विश्लेषण टीम उसका परीक्षण करेगी और अंतिम रिपोर्ट प्रस्तुत करेगी।
बिरगॉव / शौर्यपथ / अर्बन क्षेत्र में ग़ैर कोविड गतिविधि के तहत बुधवार को बिरगॉव में किशोरी दिवस का आयोजन किया गया जिसमें 11 से 14 वर्ष की सभी किशोरियों की लम्बाई और वजन मापा गया। साथ ही उन्हे स्वास्थ्य और कोरोना संक्रमण काल में बेहतर पोषण आहार लेने की जानकारी दी गई।
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ.मीरा बघेल के मार्गदर्शन में किशोरी दिवस का आयोजन आगामी समय में प्रत्येक बुधवार को नियमित रुप से गाइडलाईन का पालन करते हुये मनाया जाएगा।किशोरी दिवस के आयोजन की जानकारी देते हुए शहरी कार्यक्रम प्रबंधक ज्योत्सना ग्वाल ने बताया राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के अंतर्गत आयोजित इस कार्यक्रम में 11 से 14 वर्ष की सभी किशोरियों के हीमोग्लोबिन, लम्बाई और वजन मापा गया। कम हीमोग्लोबिन पाए जाने पर किशोरियों को आयरन की गोलियों के साथ ही बेहतर पोषण आहार के बारे में जानकारी दी गई। जो किशोरियां एनीमिक पायी गईं उन्हें अगले चरण में फिर से बुलाया गया है। किशोरियों को खून की कमी से बचने को आयरन की गोलियों के सेवन और खान-पान संबंधी विस्तृत जानकारी भी विभाग द्वारा दी गई ।
इसके साथ ही किशोरियों को स्वच्छता के प्रति जागरूक करने के साथ ही सैनिटरी नैपकिन का निशुल्क वितरण किया गया। कोरोना संक्रमण से बचने के लिए बिना गले लगे एक दूसरे का अभिवादन करने, शारीरिक दूरी बनाये रखने, मास्क लगाने और आंख, नाक कान और मुंह को हाथों से नहीं छूने के बारे में भी बताया गया । श्वसन संबंधी सफाई और सुरक्षा का पालन करने, नियमित हाथों को धोने, अलग-अलग सतहों को नियमित कीटाणु रहित करने की सलाह दी गयी है। महामारी के दौरान कोरोना संक्रमितों से भेदभाव एवं कोरोना को लेकर सोशल मीडिया के माध्य्म से फैलने वाली अफवाह से खुद को और परिवार को बचाने की बातें भी बताई गई। कोविड 19 संक्रमण से जुड़े नकारात्मक और बिना पुष्टि की गई बातों को सोशल मीडिया के माध्यम से नहीं भेजने की अपील की गयी है । साथ ही कोविड 19 के बारे में विश्वसनीय स्रोतों से जानकारी लेने, किसी मदद या जानकारी के लिए टॉल फ्री नंबर 104 पर फोन करने और मानसिक तनाव,अवसाद को दूर करने के लिए आवश्यक मदद पाने की जानकारी भी दी गई ।
परिवार में कोई तंबाकू का सेवन करने वाले सदस्यों को रोकना और नशा मुक्ति केंद्र तक पहुंचाने मे मितानिन और आंगनबाड़ी कार्यकर्ता को सूचित कर उनकी मदद लेने की भी बात बताई गयी ।
डॉ. अंजना लाल, सिस्टर रेखा परघनिया, सिस्टर पूनम, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बिरगांव और हेल्थ एंड वैलनेस सेंटर उरला की सिस्टर सुनीता ठाकुर का महत्वपूर्ण सहयोग किशोरी दिवस को सफल बनाने में रहा ।
रायपुर / शौर्यपथ / राजधानी के खुदादाद डूंगाजी शासकीय आयुर्वेदिक अस्पताल में ओपीडी वैकिल्पक व्यवस्था मंगलवार से मेडिकल कॉलेज प्रबंधन ने शुरु की है। आयुर्वेदिक कॉलेज परिसर में दो दिनों से चालू सामान्य ओपीडी में महिला व पुरुष मरीजों के लिए अलग-अलग डॉक्टरों की टीम मरीजों का इलाज कर रहे हैं। सामान्य ओपीडी में मंगलवार और बुधवार को 250 से अधिक मरीज लाभांवित हुए। आयुर्वेदिक महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. जीएस बघेल ने बताया, आयुर्वेदिक अस्पताल की आईपीडी व ओपीडी वार्ड को स्वास्थ्य विभाग द्वारा कोविड-19 अस्पताल का वार्ड बनाए जाने के बाद से 28 जुलाई से 3 अगस्त तक ओपीडी प्रभावित रही। डॉ बघेल का है कोरोना संकट के बीच नॉन कोविड के मरीजों को परेशानी न हो इसके लिए वैकिल्पक व्यवस्था शुरु की गई है। इससे आयुर्वेदिक पद्वति से इलाज कराने वाले मरीजों को दवाएं और डॉक्टरों से परामर्श भी मिल सकेंगे। कॉलेज के भवन में ओपीडी का संचालन 4 अगस्त से सुबह 9:00 बजे से दोपहर 1:00 बजे तक नियमित रूप से शुरू किया गया है ।
ओपीडी की वैकिल्पक व्यवस्था शुरू होने से आयुर्वेदिक अस्पताल में आने वाले प्रतिदिन 250 से अधिक मरीजों को डिस्पेंसरी खुलने से निशुल्क औषधियों का लाभ मिलने लगेगा। डिस्पेंसरी की औषधियों को कॉलेज के फिजीयोलॉजी हॉल में शिफ़ट किया गया है। ताकि दवाओं के लिए मरीजों व पेंशनरों को यहां वहां भटकने की जरुरत न पड़े। ताकि आयुर्वेद के इलाज में सेवा ले रहे मरीजों का चिकित्सकों का परामर्श का लाभ मिल सके । ओपीडी में इलाज कराने आए हीरापुर निवासी 40 वर्षीय प्रेमलाल साहू ने बताया, उन्हें पक्षाघात की शिकायत है। यहां लगभग 3-4 महीने से इलाज चल रहा है। आयुर्वेदिक अस्पताल में इलाज का लाभ भी हुआ है। सप्ताह भर से ओपीडी बंद होने से दवा के लिए परेशानी हो रही थी। इसी तरह मुंगेली निवासी 52 वर्षीय रतन लाल उइके और उनकी 20 वर्षीया बेटी उर्मिला उइके को मधुमेह की बीमारी है। रतन लाल ने बताया काफी जगह भटकने के बाद आयुर्वेदिक दवाओं से उनको काफी राहत मिल रही है।
आयुर्वेदिक अस्पताल अधीक्षक डॉ पीके जोशी ने बताया ओपीडी कक्ष को कोविड-19 वार्ड में तब्दील कर 300 बेड का अस्पताल कोरोना मरीजों के लिए शुरु किया गया है। इसकी वजह से मरीजों की इलाज़ प्रभावित हो रहा था। आयुष संचालक जीएस बदेशा ने महाविद्यालय की मान्यता सहित पीजी करने वाले 70 छात्रों का रिसर्च वर्क प्रभावित ने हो इस लिए ओपीडी को नियमित रुप से प्रारंभ करने का निर्देष दिया है। डॉ जोशी ने बताया कि अस्पताल में चिकित्सा सेवा के लिए संचालित ओपीडी पंचकर्म,कायचिकित्सा, शल्य, बाल रोग, शालक्य, प्रसूति एवं स्त्री रोग विभाग के मरीजों का इलाज अभी सामान्य ओपीडी में ही होंगे। ओपीडी में प्रसूति एवं स्त्री रोग विभाग के चिकित्सकों द्वारा गर्भवती महिलाओं की जांच नियमित रूप से होगा। अस्पताल में आने वाले मरीजों की सुविधाओं को ध्यान में रखते हुए कोरोना वायरस से बचाव के लिए मास्क और सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करना जरूरी होगा। अस्पताल परिसर में गर्भवती महिलाओं के अलावा अन्य महिलायों को भी स्त्री रोग से संबंधित इलाज व परामर्श प्रदान किए जाएंगे ।
Feb 09, 2021 Rate: 4.00
